son who chopped his father into pieces recovered his hand; half body was found in a blue drum in Lucknow yesterday बाप को टुकड़ों में काटने वाले बेटे ने बरामद कराया हाथ, लखनऊ में कल नीले ड्रम में मिली थी आधी लाश, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

बाप को टुकड़ों में काटने वाले बेटे ने बरामद कराया हाथ, लखनऊ में कल नीले ड्रम में मिली थी आधी लाश

यूपी की राजधानी लखनऊ में बाप को टुकड़ों में काटने वाले बेटे ने हाथ बरामद कराया है। पुलिस टीम पैर की तलाश में लगी है। बेटे ने अपने कारोबारी पिता की गोली मारकर हत्या कर दी थी। वारदात करने के बाद हाथ और पैर काट-काटकर फेंक लगा दिया था। आधी लाश नीले ड्रम छिपा दिया था।

Tue, 24 Feb 2026 02:42 PMDeep Pandey लाइव हिन्दुस्तान
share
बाप को टुकड़ों में काटने वाले बेटे ने बरामद कराया हाथ, लखनऊ में कल नीले ड्रम में मिली थी आधी लाश

राजधानी लखनऊ में शराब और पैथालॉजी कारोबारी मानवेंद्र सिंह पिता की हत्या के आरोपी बेटे अक्षत प्रताप सिंह की निशानदेही हाथ बरामद कर लिया गया है। हत्यारोपी बेटे को लेकर पुलिस उसके घर पहुंची है। घटनास्थल का दोबारा मौका मुआयना कर रही है। इंस्पेक्टर आशियाना छत्रपाल और उनकी टीम ने पैर बरामदगी के लिए अभी भी लगी है। इसके अलावा पुलिस बेटे से पूछताछ कर रही है। दरअसल, सोमवार को आशियाना सेक्टर एल में दिल को दहला देने वाली घटना सामने आई। शराब और पैथालॉजी कारोबारी मानवेंद्र सिंह (45) की उनके बेटे अक्षत ने ही गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात करने के बाद हाथ और पैर काट-काटकर फेंक लगा दिया था। बाकी धड़ घर में ही नीले ड्रम में छिपा दिया। उसे भी एसिड से जलाने की तैयारी थी। मौके पर एक गैलेन में 20 लीटर एसिड भी मिला है। पुलिस ने धड़ कब्जे में ले लिया। हाथ पैर की तलाश कर रही। बेटे अक्षय प्रताप सिंह को हिरासत में ले लिया है।

पुलिस उपायुक्त मध्य विक्रांत वीर समेत अन्य अफसर मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। मौके से साक्ष्य संकलन किए। डीसीपी का दावा है कि बेटे ने ही विवाद के बाद 20 फरवरी को मानवेंद्र सिंह को लाइसेंसी रायफल से गोली मारी थी। घटना के समय घर में मौजूद छोटी बहन कृति को धमकाया था कि अगर उसने किसी को कुछ बताया तो वह उसे भी मार देगा। प्राथमिक पूछताछ में पता चला है कि मानवेंद्र बेटे पर नीट की तैयारी करने का दबाव बना रहे थे। इसलिए उसने उनकी हत्या कर दी।

मोहल्ले में सबके करीबी थे मानवेंद्र, हर व्यक्ति की करते थे मदद

शराब कारोबारी मानवेंद्र सिंह की हत्या से मोहल्ले के लोग हतप्रभ हैं। वो मोहल्ले में सबके करीबी थे। पूरे मोहल्ले में उनकी किसी से अनबन नहीं थी। हर किसी से हसंकर बोलते थे। बड़े और छोटे का आदर करते थे। लोगों की मदद के लिये हमेशा आगे रहते थे। मोहल्ले में कई बार भागवत, रामलीला समेत कई धार्मिक आयोजन कराएं। होली व दीपावली व दूसरे त्योहार भी सभी के साथ मिलकर मनाते थे। मोहल्ले में होने वाले हर आयोजन में हाथ मदद के साथ हाथ बंटाते थे। घटना की जानकारी मिलते ही मोहल्ले के पुरुष, महिला एवं बच्चे सभी घर के सामने देर रात तक जमा रहे। हर कोई मानवेन्द्र की तारीफ ही कर रहा था। ऐसी घटना के बाद मोहल्ले में किसी को भरोसा नहीं हो रहा है कि उनके अपने बेटे अक्षय प्रताप उर्फ राजा पर ही हत्या का आरोप लगेगा।

बेटे का हर शौक पूरा करते थे मानवेन्द्र

मानवेन्द्र बेटे का हर शौक पूरा करते थे। महंगा मोबाइल से लेकर बाइक व कार खरीदकर दी। इसके बावजूद बेटे ने पिता जैसे रिश्ते को कलंकित कर दिया। पास में खड़़ी महिलाओं ने कहा कि हमारा तो घर आना जाना था। मानवेन्द्र का व्यवहार सरल और सौम्य था। कभी किसी से ऊंची आवाज में बात तक नहीं की। बच्चों का बड़ा ख्याल रखते थे।

हत्यारोपी बेटा
read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:लखनऊ में बेटे ने ही शराब कारोबारी बाप को मारा, हाथ-पैर काटकर शव ड्रम में छिपाया

बच्चों की खातिर नहीं की दूसरी शादी

मानवेन्द्र के दोस्तों व आस पास के लोगों ने बताया कि पत्नी की मौत के बाद सभी ने दूसरी शादी करने के लिये कई बार कहा, लेकिन बच्चों के खातिर दूसरी शादी करने से मना कर दिया। मानवेन्द्र लोगों से यही कहते थे कि दूसरी शादी करने पर बच्चों की सही से देखभाल नहीं हो पाएगी। अब शादी नहीं करनी है। दूसरी पत्नी बेटी और बेटे के साथ भेदभाव करेगी। परिवार बिगड़ जाएगा। अब इन्हीं बच्चों के सहारे जीवन कट जाएगा।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:आरी से किए पिता के टुकड़े, एसिड से गलाने की थी तैयारी; लखनऊ मर्डर में खुलासा
ये भी पढ़ें:रावण का रोल करते-करते खुद बन गया राक्षस, हर लिए पिता के ही प्राण

मां का रो-रोक बुरा हाल

बेटे का शव देख बुजुर्ग मां और पिता बिलख पड़े। पिता ने खुद को संभाल लिया, लेकिन मां लगातार रोयी जा रही थी। रिश्तेदारों एवं मोहल्ले के लोगों ने मां को संभाला। कुछ देर बाद मां बेसुध हो गई। पड़ोसी उन्हें लेकर अपने घर गए। वहां भी लगातार रोए जा रही थी। हर कोई संभाल रहा था, लेकिन वह एक ही रट लगाए थी कि बेटा ये क्या हो गया? मेरा बेटा चला गया। मैं बेटे से नहीं मिल पायी। मानवेन्द्र के रिटायर दरोगा पिता ने कहा कि पोता पढ़ने में होनहार था। ऐसा कदम उसने क्यों उठाया? यही बात सोचकर परेशान हूं।

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News और Kanpur News के साथ-साथ UP Board Result 2026 Live, UP Board 10th Result, UP Board 12th Result और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।