ias rinku singh who did sit ups in front of lawyers is a brave officer he was shot when he caught a scam read stor कौन हैं दिलेर अधिकारी रिंकू सिंह, जिन्हें वकीलों ने करा दी उठक-बैठक, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

कौन हैं दिलेर अधिकारी रिंकू सिंह, जिन्हें वकीलों ने करा दी उठक-बैठक

IAS रिंकू सिंह शाहजहांपुर में वकीलों के बीच कान पकड़कर उठक-बैठक लगाते नज़र आए तो हर कोई हैरान रह गया। राही वही अफसर हैं जिन्होंने 2009 में मुजफ्फरनगर में समाज कल्याण अधिकारी रहते करीब 100 करोड़ के घोटाले का पर्दाफाश किया था। इससे बौखलाए लोगों ने उन पर हमला कर दिया था। उन्हें कई गोलियां मारी थीं।

Wed, 30 July 2025 10:35 AMAjay Singh लाइव हिन्दुस्तान
share
कौन हैं दिलेर अधिकारी रिंकू सिंह, जिन्हें वकीलों ने करा दी उठक-बैठक

उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर की पुवायां तहसील में एसडीएम रिंकू सिंह राही का वकीलों के सामने कान पकड़कर उठक-बैठक करने का वीडियो मंगलवार को सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वीडियो सामने आते ही लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देने लगे। कई लोगों ने इसे प्रशासन की विनम्रता बताया तो कुछ ने अफसरों की बेबसी पर तंज कसा। खासकर वकीलों के विरोध के आगे प्रशासन के झुकने को लेकर मीम्स सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। कुछ यूजर्स ने सवाल उठाया कि क्या अब प्रशासनिक अनुशासन इसी तरह चलेगा। यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर रिंकू सिंह किस तरह के आईएएस अधिकारी हैं? ऐसे में रिंकू सिंह राही से जुड़ी पहले की कहानियां सामने आ रही हैं। रिंकू सिंह राही वही अधिकारी हैं जिन्होंने 2009 में मुजफ्फरनगर में समाज कल्याण अधिकारी के पद पर रहते हुए करीब 100 करोड़ के घोटाले का पर्दाफाश किया था। इससे बौखलाए लोगों ने उन पर हमला कर दिया था। तब उन्हें सात गोलियां मारी गई थीं। इस हमले में वह बच गए लेकिन उनका चेहरा जख्मी हो गया था।

भ्रष्टाचार के खिलाफ जंग और दिलेरी के चलते रिंकू सिंह पहले भी चर्चा में रहे हैं। उनके जीवन की कहानी कई युवाओं को प्रेरित करती है। रिंकू सिंह 2022 में यूपीएससी क्रैक कर आईएएस बने थे। 20 मई 1982 को अलीगढ़ के एक गरीब मध्यवर्गीय परिवार में जन्में रिंकू सिंह ने एनआईटी जमशेदपुर से मेटलर्जी में बीटेक किया है। उन्होंने गेट परीक्षा में देश भर में 17 वीं रैंक भी हासिल की थी। 2004 में प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा में कामयाबी हासिल कर वह समाज कल्याण अधिकारी बने थे। 2008 में उनकी तैनाती मुजफ्फरनगर में थी। बताते हैं कि उन्होंने मुजफ्फरगर में छात्रवृति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजना में करीब 100 करोड़ रुपए के घोटाले का पर्दाफाश किया था। इसकी वजह से 2009 में उन पर जानलेवा हमला हुआ था। बदमाशों ने उन पर तब गोलियां बरसाईं जब वह बैडमिंटन खेल रहे थे।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:नाराज हुए वकील तो एसडीएम ने कान पकड़कर लगाई उठक-बैठक, तैनाती के पहले दिन हंगामा

बताया जाता है कि रिंकू सिंह राही को 6 से 7 गोलियां मारी गई थीं। उस हमले में वह बाल-बाल बच गए लेकिन उनका जबड़ा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। एक आंख भी जख्मी हुई थी। हमले में घायल रिंकू सिंह राही का महीनों तक इलाज चला था। लंबे समय तक तकलीफें झेलने के बाद भी रिंकू सिंह ने हिम्मत नहीं हारी। जिस मामले का उन्होंने पर्दाफाश किया था उसमें कई आरोपितों को सजा सुनाई गई और कुछ सबूतों के अभाव में बरी हो गए थे। रिंकू सिंह राही ने सूचना के अधिकार के तहत जानकारियां मांगी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 2012 में उन्होंने लखनऊ निदेशालय के बाहर अनशन भी किया था। इस संघर्ष के बीच भी रिंकू सिंह राही की तैयारी का सिलसिला जारी रहा। 2022 में यूपीएससी क्रैक कर वह आईएएस बने।

क्यों लगाई उठक-बैठक?

पिछले दिनों उनका तबादला एसडीएम के पद पर शाहजहांपुर में किया गया। इसके पहले वह मथुरा में तैनात थे। मंगलवार को नवागत एसडीएम रिंकू सिंह राही ने कार्यभार ग्रहण कर तहसील परिसर का निरीक्षण किया। इस दौरान खुले में पेशाब कर रहे चार लोगों को उठक-बैठक लगाने की सजा दे दी, जिससे वकील फिर भड़क उठे। हालात बिगड़ते देख एसडीएम रिंकू सिंह खुद धरना स्थल पहुंचे और वकीलों के सामने उठक-बैठक कर माफी मांगी। उनके इस कदम के बाद माहौल कुछ शांत हुआ।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:यूपी के शहर-शहर मुहिम शुरू, ऐक्शन में CM योगी; इन धंधेबाजों की अब इनकी खैर नहीं

क्या बोले रिंकू सिंह राही

इस विवाद के बाद पुवायां के एसडीएम रिंकू सिंह राही ने बताया कि कुछ लोग दीवार पर लघुशंका कर रहे थे। मैंने उनसे उठक-बैठक लगवाई। जब मैं वकीलों के धरने में पहुंचा तो उन्होंने कहा कि शौचालय में गंदगी है, इसकी जिम्मेदारी आपकी है। क्या आप उठक-बैठक लगाएंगे या आम आदमी ही उठक-बैठक लगाने को बना है। इसके बाद मैंने वहीं उठक-बैठक लगाई।

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।