feast of malpua for monkeys 1000 monkeys arrived unique 28 year old tradition in barabanki बंदरों के लिए मालपुआ का भंडारा; एक हजार बंदर उछलते-कूदते पहुंचे, 28 साल पुरानी अनूठी परंपरा, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
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बंदरों के लिए मालपुआ का भंडारा; एक हजार बंदर उछलते-कूदते पहुंचे, 28 साल पुरानी अनूठी परंपरा

बाराबंकी में बालाजी पूजा समिति द्वारा पिछले 28 वर्षों से निभाई जा रही अनूठी परंपरा के तहत बंदरों के लिए विशेष मालपुआ भंडारे का आयोजन किया गया। शुक्रवार को समिति के सदस्यों ने पूरे कस्बे और आसपास की बागों में जाकर बंदरों को अभिमंत्रित चने वितरित कर निमंत्रण दिया था।

Sun, 24 May 2026 11:25 AMsandeep हिन्दुस्तान, संवाददाता, रामसनेहीघाट (बाराबंकी)
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बंदरों के लिए मालपुआ का भंडारा; एक हजार बंदर उछलते-कूदते पहुंचे, 28 साल पुरानी अनूठी परंपरा

अयोध्या - बाराबंकी की सीमा पर स्थित सुमेरगंज कस्बे में शनिवार की सुबह भाव और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। भक्तों ने भाव से बुलाया तो दोनों जिले के बार्डर के जंगलों से निकलकर उछलते- कूदते बंदरों का दल कुनबे के साथ तड़के पहुंचकर भंडारे में शामिल हो गए। कुनबे के साथ बंदरों को चाव से मालपुआ खाते देख लोगों के खुशी का ठिकाना नहीं था। अवसर था बालाजी पूजा समिति के तत्वावधान में 28 साल पुरानी बंदरों के लिए विशेष मालपुआ भंडारे का आयोजन किया गया। सुमेरगंज कस्बे की शनिवार की भोर इस बार केवल एक धार्मिक आयोजन की साक्षी नहीं बनी, बल्कि उसने इंसान और जीवों के बीच करुणा, दया और भक्ति का ऐसा दृश्य देखा, जिसने हर किसी का हृदय भावविभोर कर दिया।

बालाजी पूजा समिति द्वारा पिछले 28 वर्षों से निभाई जा रही अनूठी परंपरा के तहत बंदरों के लिए विशेष मालपुआ भंडारे का आयोजन किया गया। शुक्रवार को समिति के सदस्यों ने पूरे कस्बे और आसपास की बागों में जाकर बंदरों को अभिमंत्रित चने वितरित कर निमंत्रण दिया था। लोगों का मानना है कि यह केवल निमंत्रण नहीं, बल्कि जीवों के प्रति प्रेम और सेवा का संदेश है।

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शनिवार तड़के करीब तीन बजे से ही बंदरों के आने का सिलसिला शुरू हो गया जो कि सुबह सात बजे तक चलता रहा। करीब एक हजार से अधिक बंदरों ने भंडारे का प्रसाद चखा। देशी घी से बने गरमागरम मालपुए बड़े प्रेम और श्रद्धा से बंदरों को परोसे गए। कोई बंदर चार मालपुए लेकर पेड़ों पर जा बैठा तो कोई दर्जनों मालपुए समेटकर अपने साथियों के बीच बांटता नजर आया। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद श्रद्धालुओं की आंखें श्रद्धा और आनंद से भर उठीं। छोटे-छोटे बच्चे भी हाथ जोड़कर बंदरों को प्रसाद ग्रहण करते देख जय बजरंगबली के जयकारे लगा रहे थे।

भंडारे में पहुंची जिला जज, डीएम व एसपी

वहीं पुलिस व पत्रकारों द्वारा शनिवार को अलग-अलग भंडरे का आयोजन किया गया। इस दौरान सैकड़ों लोगों ने प्रसाद चखा। नगर कोतवाली पुलिस द्वारा कोतवाली के पास बने पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास भंडारे का आयोजन किया गया। कोतवाल सुधीर कुमार सिंह यजमान बने और पूजा अर्चना की। इसके बाद भंडारे का आयोजन हुआ। जिला जज प्रतिमा श्रीवास्तव व अन्य न्यायायिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। इसके साथ डीएम ईशान प्रताप सिंह एसपी अर्पित विजयवर्गीय भी पहुंचे और लोगों में प्रसाद वितरण किया।

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