लखनऊ की पुलिस चौकी का प्रभारी और सिपाहियों का गिरोह ही कर रहा था लूटपाट, चार गिरफ्तार
यूपी की राजधानी लखनऊ में पुलिस चौकी का प्रभारी और सिपाहियों का गिरोह ही लूटपाट, करा रहा था। सिपाहियों समेत चार को गिरफ्तार किया गया है। फरार चौकी प्रभारी समेत अन्य की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।

राजधानी लखनऊ में पुलिस चौकी का प्रभारी और सिपाहियों का गिरोह ही लूटपाट के मामले में हत्थे चढ़ा है। निवेश के नाम पर व्यवसाइयों की रकम लूटी जाती थी। कमता चौकी प्रभारी मोहित की सह पर ही सिपाही पूरन सिंह, आरपीएफ दरोगा जयप्रकाश, पीएसी का बर्खास्त सिपाही और गिरोह के अन्य लोग लूटपाट करते थे। गिरोह ने जब व्यवसायी अनूप शुक्ला और दिवाकर से पांच लाख लूट की तो पुलिस ने जांच शुरू की।
पुलिस की तफ्तीश में पता चला है कि लूटकांड की पूरी जानकारी चौकी प्रभारी मोहित को थी। इसके बाद भी उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। इससे उनकी मंशा पर सीधा सवाल उठता है। प्राथमिक जांच में चौकी प्रभारी की गिरोह से साठगांठ की पुष्टि होने पर पुलिस उपायुक्त पूर्वी डॉ. दीक्षा शर्मा ने चौकी प्रभारी कमता मोहित को निलंबत कर दिया। चौकी प्रभारी कमता मोहित वर्ष 2019 बैच के दरोगा है।
मोहित मूल रूप से मुजफ्फरनगर के रहने वाले हैं। चिनहट थाने पुलिस टीम और डीसीपी की क्राइम टीम आरोपी चौकी प्रभारी मोहित, आरपीएफ सिपाही जय प्रकाश समेत अन्य की तलाश में दबिश दे रही हैं। पुलिस टीम उनके करीबियों के संपर्क में हैं। इसके अलावा आरोपियों की संपत्ति का ब्योरा खंगाला जा रहा है। आय से अधिक संपत्ति मिलने पर उस मामले में भी पुलिस कार्रवाई करेगी।
जय प्रकाश और पूरन तैयार करते थे योजना
पुलिस की तफ्तीश में पता चला है कि आरपीएफ सिपाही जय प्रकाश और कमता चौकी का सिपाही पूरन प्लान तैयार करता था। इसके बाद आसिफ और जावेद दोनों मिलकर लोगों को क्रिप्टो करेंसी, बिटक्वाइन और अन्य तरह के निवेश में पांच गुणा ज्यादा मुनाफे का लालच देकर जाल में फंसाते थे। निवेशक जब रकम लेकर पहुंचता तो जय प्रकाश और पूरन दोनों बोलेरो में बैठे रहते थे। नंबर प्लेट फर्जी लगी होती थी।
निवेशकों को बैठाते उन्हें घुमाते फिर खुद को एसटीएफ और पुलिस की एसओजी टीम का प्रभारी बताकर सारा माल लूट लेते थे। उन्हें हवाला और अन्य फर्जी मामलों में फंसाने की धमकी देते थे। इस पूरे गिरोह के कारनामों की जानकारी चौकी प्रभारी मोहित को होती थी। वह कोई कार्रवाई नहीं करता था न ही इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को देता था। इंस्पेक्टर चिनहट दिनेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा।
अबतक यह गए जेल
- जावेद हुसैन, निवासी ग्राम कररिया पोस्ट कोदरी थाना शहजनवा जनपद गोरखपुर।
- आसिफ, निवासी 196 इलाहीबाद निकट पक्कड मस्जिद थाना तिवारीपुर गोरखपुर।
- प्रवेश त्रिपाठी, निवासी झकही चक बेल्डुआ थाना महुली संतकबीनगर।
- पूरन सिंह, निवासी ग्राम मैनपुर थाना मंडावा जिला अलवर राजस्थान।




साइन इन