Who is the main accused in the Rs 1,100 crore cyber fraud racket? 5300 सिम, 32 राज्य और कंबोडिया तक फैला जाल…; 1100 करोड़ की साइबर ठगी का मास्टरमाइंड कौन?, Rajasthan Hindi News - Hindustan
More

5300 सिम, 32 राज्य और कंबोडिया तक फैला जाल…; 1100 करोड़ की साइबर ठगी का मास्टरमाइंड कौन?

मुख्य आरोपी के तौर पर नाम सामने आते ही जांच तेज हो गई है। सुनील पर आरोप है कि उसके द्वारा जारी किये गये सिम कार्ड न केवल साइबर ठगों तक पहुंचे, बल्कि कंबोडिया से ठगी के लिए इस्तेमाल किये गये।

Tue, 27 Jan 2026 06:47 PMRatan Gupta वार्ता, श्रीगंगानगर
share
5300 सिम, 32 राज्य और कंबोडिया तक फैला जाल…; 1100 करोड़ की साइबर ठगी का मास्टरमाइंड कौन?

राजस्थान के जोधपुर में बीते सप्ताह 1100 करोड़ रुपये की साइबर ठगी रैकेट का मामला सामने आया था। पुलिस जांच में इस रैकेट का मास्टरमाइंड राज्य के श्रीगंगानगर जिले का सुनील कुमार पाया गया है। मुख्य आरोपी के तौर पर नाम सामने आते ही जांच तेज हो गई है। सुनील पर आरोप है कि उसके द्वारा जारी किये गये सिम कार्ड न केवल साइबर ठगों तक पहुंचे, बल्कि कंबोडिया से ठगी के लिए इस्तेमाल किये गये।

सोमवार देर रात श्रीगंगानगर के साइबर थाने में इस संबंध में मामला दर्ज किया गया और जांच की कमान साइबर थाने के कार्यवाहक प्रभारी पुलिस निरीक्षक सतवीर मीणा को सौंपी गयी है। सूत्रों ने बताया कि यह पूरा रैकेट जोधपुर पुलिस आयुक्त ओमप्रकाश के नेतृत्व में शुरू हुई जांच से सामने आया। जोधपुर में दो स्थानीय शिकायतों के आधार पर जांच शुरू की गयी थी।

1 सिम कार्ड से लूटे 8.90 करोड़

पहली शिकायत बरकत खान नामक व्यक्ति की थी, जिनके नाम पर जारी एक सिम कार्ड का इस्तेमाल तेलंगाना के साइबराबाद में एक व्यक्ति से 8 करोड़ 90 लाख रुपये ठगने में किया गया। यह सिम कार्ड कंबोडिया में सक्रिय था, जबकि बरकत खान को इसकी कोई जानकारी नहीं थी। दूसरी शिकायत भी समान प्रकृति की थी, जहां व्हाट्सऐप नंबरों से ठगी की गयी।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:आतंकी साजिश वाले फैजान शेख को गुजरात ATS ने दबोचा, गोला-बारूद भी जुटा चुका था

5378 सिम से ठगे 1100 करोड़

जोधपुर पुलिस ने भारतीय साइबर अपरोध समन्वय केंद्र (आईएससीओसी) की मदद से मामले की जांच की। जांच में पता चला कि सितंबर से नवंबर 2025 के बीच 2 लाख 30 हजार संदिग्ध मोबाइल नंबरों में से 36 हजार भारतीय सिम कार्ड कंबोडिया में रोमिंग पर सक्रिय थे। इनमें से 5300 से 5378 सिम कार्डों का इस्तेमाल सीधे ठगी के लिए किया गया, जिससे कुल 1100 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी हुई।

32 राज्यों और यूटी में फैला था जाल

यह रैकेट मुख्य रूप से निवेश और व्यापार ठगी पर आधारित था, जिसमें पीड़ितों को फर्जी ऐप्स और कॉल सेंटर्स के जरिए लालच दिया जाता था। ठगी का दायरा 32 राज्यों और केंद्र शासित राज्यों तक फैला हुआ था, जिसमें महाराष्ट्र 1132 सिम से 224 करोड़ नुकसान और तमिलनाडु 756 सिम से कई सौ करोड़ के नुकसान जैसे राज्य प्रमुख हैं।

रैकेट का लिंक श्रीगंगानगर जिला

पहले यह मामला जोधपुर में जीरो नंबर मामले के रूप में दर्ज था, लेकिन जांच में पता चला कि यह सारा रैकेट श्रीगंगानगर जिले से संबंधित है। जोधपुर पुलिस आयुक्तालय के हवलदार रामदयाल द्वारा दी गयी विस्तृत रिपोर्ट के आधार पर श्रीगंगानगर साइबर थाने में मामला दर्ज किया गया। मुख्य आरोपी अनूपगढ़ क्षेत्र के सुनील कुमार पर आरोप है कि उसने तीन टेलीकॉम से कुछ सिम कार्ड नंबर जारी किए, जो कंबोडिया पहुंचकर ठगी में इस्तेमाल हुए। जोधपुर पुलिस ने अब तक छह भारतीयों को गिरफ्तार किया है, जो सिम कार्ड सप्लाई चेन में शामिल थे।

लेटेस्ट Hindi News, Rajasthan News, Jaipur News, Jodhpur News, Alwar News, Ajmer News, Udaipur News और Kota News पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।