प्रधानमंत्री के काफिले की पूरी संरचना, बुलेटप्रूफ कारों से जैमर तक
- देशवासियों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने काफिले को आधा करने का निर्देश दिया है। प्रधानमंत्री के काफिले में सामान्यतः 12 से 17 हाईप्रोफाइल गाड़ियां होती हैं, जिनमें जैमर, एंबुलेंस और सुरक्षा के लिए पायलट कारें शामिल होती हैं।

- आमतौर पर 12 से 17 कारें प्रधानमंत्री के काफिले में होती हैं इंट्रो: देशवासियों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने काफिले को आधा करने का निर्देश दिया है। साथ ही, प्रधानमंत्री ने जहां संभव हो उनके काफिले में इलेक्ट्रिक वाहनों को शामिल करने के लिए भी कहा है। इसके बाद प्रधानमंत्री के काफिले में शामिल कारों की संख्या भी चर्चा में आ गई है। आइए, जानते हैं कि प्रधानमंत्री के काफिले के प्रोटोकॉल के बारे में...
कौन करता है तय
प्रधानमंत्री के काफिले में वाहनों का प्रोटोकॉल स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप (एसपीजी) और गृह मंत्रालय की 'ब्लू बुक' दिशानिर्देशों के अनुसार तय होता है, जो खतरे के आकलन, स्थान और परिस्थितियों पर आधारित होता है।
कितनी गाड़ियां शामिल
प्रधानमंत्री के काफिले में सामान्यतः 12 से 17 हाईप्रोफाइल गाड़ियां होती हैं, जिनमें जैमर, एंबुलेंस और सुरक्षा के लिए पायलट कारें शामिल होती हैं। यह एक निश्चित फॉर्मेशन में चलता है, जिसमें हर वाहन की विशिष्ट भूमिका होती है
क्या होती है संरचना
1. पायलट वाहन: इसमें पुलिस की गाड़ियां आती हैं, जो सबसे आगे सायरन और फ्लैश लाइट के साथ चलती है। इनका काम ट्रैफिक रोकना और रास्ता साफ करना होता है।
2. मुख्य वाहन: यह दो समान दिखने वाली गाड़ियां होती हैं और किसमें प्रधानमंत्री बैठे हैं, यह गुप्त रहता है। आमतौर पर बख्तरबंद मर्सिडीज-बेंच एस-क्लास या बीएमडब्ल्यू 7-सीरीज होती है, जो बुलेटप्रूफ, ब्लास्टप्रूफ और न्यूक्लियर, बायोलॉजिकल और केमिकल (एनबीसी) सुरक्षा से लैस होती है। इसके अलावा, विशेष संचार उपकरण भी लगे होते हैं।
3. सुरक्षा वाहन: इसमें एसपीजी के कमांडों की गाड़ियां आती हैं, जो मुख्य वाहन के आगे और पीछे चलती हैं। सभी जवानों भारी और आधुनिक हथियारों से लैस होते हैं।
4. एम्बुलेंस: प्रधानमंत्री के काफिले में हमेशा एक मेडिकल वैन/एम्बुलेंस अनिवार्य रूप से चलती है, जिसमें डॉक्टर और पैरामेडिक टीम स्टॉफ होता है।
5. जैमर वाहन: यह गाड़ी रेडियो फ्रीक्वेंसी जैमर से लैस होती है, जो इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) को रिमोट से ट्रिगर होने से रोकती है
6. रियर गार्ड वाहन: इसके तहत काफिले के अंत में चलने वाली सुरक्षा बलों की गाड़ियां आती हैं।
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