अटल कैंटीन में लगाए गए रेटिन स्कैनिंग कैमरा, आखिर क्यों पड़ गई इसकी जरूरत?
दिल्ली की सत्ता में 27 वर्ष बाद लौटी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दिल्ली भर में 101 अटल कैंटीन खोलने जा रही है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिन यानी 25 दिसंबर को दिल्ली सरकार ने अटल कैंटीन योजना की शुरुआत की थी।

दिल्ली सरकार ने सभी अटल कैंटीन में रेटिन स्कैनिंग कैमरा इंस्टॉल किए हैं ताकि एक ही शख्स कई बार खाना न खरीद सके। सरकार का कहना है कि इसके जरिए अटल कैंटीन का खाना ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचेगा। एक अधिकारी ने बताया कि इसके जरिए अटल कैंटीन का स्टाफ ये वेरिफाई कर सकेगा कि क्या किसी शख्स ने एक ही दिन में किसी और अटल कैंटीन से खाना खाया है या नहीं।
अधिकारी ने पीटीआई को बताया कि ये कैमरे फूड कूपन खरीदते समय ग्राहकों की रेटिना को स्कैन करते हैं और शहर भर में सभी अटल कैंटीनों से जुड़े एक सेंट्रलाइज्ड सिस्टम में उनकी पहचान के डेटा को अपडेट करते हैं। अधिकारी ने बताया, 'अगर कोई शख्स एक अटल कैंटीन से दोपहर का भोजन खरीदता, तो नया सिस्टम उसी शख्स को उसी दिन किसी अन्य आउटलेट से दोबारा दोपहर का भोजन खरीदने की अनुमति नहीं देगा।'
हालांकि, अधिकारी ने आगे बताया कि वह शख्स उसी दिन रात का खाना और अगले दिन फिर से दोपहर का खाना खा सकता है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में दिल्ली में ऐसी 86 कैंटीन हैं और इस साल 16 और कैंटीन खुलने जा रही हैं।
बीते साल दिसंबर में हुई शुरुआत
मालूम हो कि दिल्ली की सत्ता में 27 वर्ष बाद लौटी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दिल्ली भर में 101 अटल कैंटीन खोलने जा रही है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिन यानी 25 दिसंबर को दिल्ली सरकार ने अटल कैंटीन योजना की शुरुआत की थी। इस पहल का उद्देश्य श्रमिकों, गरीबों और अन्य जरूरतमंद लोगों को किफायती दरों में पौष्टिक खाना उपलब्ध कराना है।
मात्र 5 रुपये में पौष्टिक और भरपेट खाना
अटल कैंटीन में लोगों को मात्र 5 रुपये में पौष्टिक और भरपेट खाना उपलब्ध कराया जा रहा है। कई कैंटीन में लोगों की लंबी कतारें देखने को मिलती हैं। थाली में दाल-चावल, सब्जी, रोटी, आचार आदि परोसा जाता है। ये योजना कम आय वर्ग के लोगों के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है।
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




साइन इन