ग्रेटर नोएडा से जेवर एयरपोर्ट तक 40KM लंबी 60 मीटर सड़क के लिए जमीन की बाधा दूर
ग्रेटर नोएडा से यमुना एक्सप्रेसवे के समानांतर 60 मीटर चौड़ी सड़क गुजर रही है। यह सड़क करीब 40 किलोमीटर लंबी है, जो सीधे जेवर एयरपोर्ट तक जाती है। करीब 36 किलोमीटर तक सड़क का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन चार किलोमीटर का पेच तीन टुकड़ों में अधूरा पड़ा है।

जेवर एयरपोर्ट तक जाने वाली अधूरी पड़ी 60 मीटर सड़क के काम में तेजी आने की उम्मीद है। यमुना विकास प्राधिकरण (यीडा) ने दयानतपुर में फंसी जमीन की किसानों की सहमति के बाद खरीद शुरू कर दी है। इससे दयानतपुर में फंसे पेच का रास्ता भी साफ हो गया है। सड़क के बनने से शहर के लोगों को फायदा होगा।
ग्रेटर नोएडा से यमुना एक्सप्रेसवे के समानांतर 60 मीटर चौड़ी सड़क गुजर रही है। यह सड़क करीब 40 किलोमीटर लंबी है, जो सीधे जेवर एयरपोर्ट तक जाती है।
करीब 36 किलोमीटर तक सड़क का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन चार किलोमीटर का पेच तीन टुकड़ों में अधूरा पड़ा है। पहला पेच सलारपुर अंडरपास से पहले दनकौर के पास अधूरा है। दावा है कि किसान से जमीन के लिए सहमति प्राप्त कर इसका टेंडर निकाला जा चुका है। आगे चलकर यमुना सिटी के सेक्टर 20 व 21 व रुस्तमपुर के पास रुके हुए पैच का निर्माण कार्य जारी है। यहां पर पैच का ब्लैकटॉप किया जा चुका है। इस रोड निर्माण कार्य से 60 मीटर रोड ग्रेटर नोएडा के बाद सेक्टर 21 तक पूर्ण हो जायेगी। सेक्टर 21 के बाद एयरपोर्ट लिंक रोड तक के लिए दयानतपुर के पास तीन किलोमीटर के पैच फंसा है। इसके लिए दयानतपुर की 76.3 हेक्टेयर भूमि पूर्व में अधिग्रहीत हो चुकी है। अब अन्य हिस्से में भी जमीन खरीद शुरू हो गई है। पहले सड़क को मार्च 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य था, हालांकि अब इसके निर्माण में देरी होगी।
यह सड़क यमुना सिटी के सेक्टरों को जोड़ रही
60 मीटर चौड़ी यह सड़क ग्रेटर नोएडा से यमुना सिटी को सीधे जोड़ती हुई एयरपोर्ट तक जाती है। इसी सड़क के किनारे यमुना सिटी के सेक्टर बसे हुए हैं। अंतरराष्ट्रीय फिल्म सिटी इसी सड़क के किनारे पर स्थित है। ऐसे में इस सड़क की अहमियत और ज्यादा बढ़ जाती है।
एक्सप्रेसवे पर दबाव कम होगा
60 मीटर चौड़ी सड़क का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद यमुना एक्सप्रेसवे पर वाहनों का दबाव कम हो जाएगा। अभी सड़क अधूरी होने के चलते आसपास के लोगों को एक्सप्रेसवे पर चढ़ कर ही अपने गंतव्य तक जाना पड़ता है। वहीं, एक्सप्रेसवे पर बीच में कट न होने के कारण लोगों को लंबी दूरी तक तय करनी पड़ रही है। जिससे उनका समय व धन दोनों की बर्बादी होती है। इसका असर एक्सप्रेसवे पर भी दिखाई देता है।
शैलेंद्र भाटिया, एसीईओ यीडा, ''60 मीटर चौड़ी सड़क को पूरा करने के लिए जमीनी विवाद सुलझा लिए गए हैं, अधूरी सड़क का तेजी से निर्माण कार्य पूरा किया जा रहा है। दयानतपुर में भी जमीन खरीद कर सड़क पूरी करने का काम जारी है।''




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