शुभेंदु अधिकारी ने मंत्रियों के बीच बांटे विभाग, अग्निमित्रा पॉल को महिला बाल विकास; देखें-पूरी लिस्ट
बंगाल भाजपा के पूर्व अध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता दिलीप घोष को पंचायती राज विकास और पशु संसाधन विकास विभाग दिया गया है, जबकि अशोक कीर्तनिया को खाद्य मंत्री बनाया गया है।

पश्चिम बंगाल के नव नियुक्त मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने अपने मंत्रिमंडल सहयोगियों के बीच विभागों का बंटवारा कर दिया है। प्रदेश भाजपा के पूर्व अध्यक्ष दिलीप घोष को पंचायती राज विकास विभाग का जिम्मा सौंपा गया है, जबकि अग्निमित्रा पॉल को महिला एवं बाल विकास मंत्री बनाया गया है। इन सभी ने शनिवार (9 मई) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत कई भाजपा नेताओं की मौजूदगी में कोलकाता में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के साथ शपथ ली थी। शपथ लेने वालों में शुभेंदु अधिकारी के अलावा पांच मंत्री भी शामिल थे।
इनमें दिलीप घोष, अशोक कीर्तनिया, खुदीराम टुडू, अग्निमित्रा पॉल और निशीथ प्रमाणिक शामिल हैं। बता दें कि पार्टी ने एक ऐतिहासिक जनादेश के साथ सत्ता में आकर ममता बनर्जी के 15 साल के शासन को समाप्त किया है।
किसे कौन सा मंत्रालय?
दिलीप घोष — पंचायती राज विकास और पशु संसाधन विकास
अशोक कीर्तनिया — खाद्य मंत्री
खुदीराम टुडू — पिछड़ा वर्ग कल्याण
अग्निमित्रा पॉल — महिला और बाल कल्याण
निशीथ प्रमाणिक — उत्तर बंगाल विकास, खेल और युवा कल्याण
नबन्ना में मंत्रिमंडल की आज पहली बैठक
इससे पहले पश्चिम बंगाल की नवगठित सरकार ने सोमवार को राज्य सचिवालय 'नबन्ना' में अपनी पहली कैबिनेट बैठक की। बैठक के बाद सरकार ने प्रशासनिक, सुरक्षा एवं कल्याण संबंधी उपायों की एक विस्तृत रुपरेखा तैयार की जिसमें भारत-बंगलादेश सीमा पर बाड़ लगाने के लिए सीमा सुरक्षा बल को भूमि हस्तांतरित करना और राज्य में आयुष्मान भारत स्वास्थ्य योजना सहित केंद्र की विभिन्न सामाजिक कल्याण योजनाओं को शुरू करना शामिल है।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कैबिनेट बैठक से बाहर निकलने के बाद कहा, “आज हमारी पहली कैबिनेट बैठक में हमने बीएसएफ को जमीन हस्तांतरित करने का निर्णय लिया है। यह हस्तांतरण प्रक्रिया आज से शुरू हो रही है और इसे अगले 45 दिनों के भीतर गृह मंत्रालय को हस्तांतरित कर दिया जाएगा। एक बार यह पूरा हो जाने के बाद, बीएसएफ सीमा पर बाड़ लगाने का काम पूरा कर लेगी और अवैध घुसपैठ के मुद्दे का समाधान थोड़े समय में कर लिया जाएगा।”
बांग्लादेश के साथ राज्य की 2216.7 किमी लंबी भूमि सीमा
पश्चिम बंगाल में चुनाव अभियान के दौरान सीमा पर बाड़ लगाना एवं घुसपैठ की समस्या से निपटने के लिए बीएसएफ को भारत-बंगलादेश सीमा पर भूमि आवंटित करना भारतीय जनता पार्टी द्वारा उठाए गए मुख्य मुद्दों में शामिल था। भाजपा ने राज्य में पूर्ववर्ती तृणमूल कांग्रेस सरकार पर जानबूझकर अवसंरचना निर्माण के लिए बीएसएफ को जमीन नहीं देने का आरोप लगाया था। भाजपा का आरोप था कि तृणमूल कांग्रेस सक्रिय रूप से सीमा पार घुसपैठियों का समर्थन करती है जो बदले में नौ सीमावर्ती जिलों में उनके वोट बैंक बने हुए हैं। बंगलादेश के साथ राज्य की 2216.7 किमी लंबी भूमि सीमा लगती है जिसके एक बड़े हिस्से पर बाड़ नहीं लगी हुई है।




साइन इन