Two villagers died in an IED blast, suffering in the forest all night, rescue team failed to save them. IED ब्लास्ट में 2 ग्रामीणों की मौत, पूरी रात जंगल में तड़पते रहे, रेस्क्यू टीम बचाने में रही नाकाम, Jharkhand Hindi News - Hindustan
More

IED ब्लास्ट में 2 ग्रामीणों की मौत, पूरी रात जंगल में तड़पते रहे, रेस्क्यू टीम बचाने में रही नाकाम

झारखंड के जमशेदपुर इलाके में पड़ने वाले तिरिलपोसी जंगल में एक-एक कर हुए दो आईईडी विस्फोट में मंगलवार को घायल दो ग्रामीणों की मौत हो गई। इनके नाम जय सिंह चेरवा (35) और सलाई चेरवा (30) हैं।

Thu, 12 Feb 2026 07:45 AMRatan Gupta हिन्दुस्तान, जमशेदपुर
share
IED ब्लास्ट में 2 ग्रामीणों की मौत, पूरी रात जंगल में तड़पते रहे, रेस्क्यू टीम बचाने में रही नाकाम

झारखंड के जमशेदपुर इलाके में पड़ने वाले तिरिलपोसी जंगल में एक-एक कर हुए दो आईईडी विस्फोट में मंगलवार को घायल दो ग्रामीणों की मौत हो गई। इनके नाम जय सिंह चेरवा (35) और सलाई चेरवा (30) हैं। दोनों कुछ लोगों के साथ मंगलवार को पत्ता लाने जंगल गए थे। इस दौरान विस्फोट की जद में आकर घायल हो गए। पूरी रात जंगल में पड़े रहने से तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया।

रेस्क्यू टीम बचाने में रही नाकाम

सूचना पर मंगलवार शाम से सुरक्षा बल के जवान रेस्क्यू में लगे थे, पर कामयाबी नहीं मिली। बुधवार को ग्रामीणों की मदद से शवों को घटनास्थल से उठा तिरिलपोसी गांव लाए, जहां से जराईकेला पुलिस थाना लाने की तैयारी कर रही है। नक्सलियों ने जंगल में जगह-जगह आईईडी बम लगा रखा है, जिसकी जद में आकर ग्रामीण मारे जा रहे हैं। मंगलवार सुबह तिरिलपोसी गांव की महिला समेत एक दर्जन लोग साल पत्ता और चिनार फूल लाने जंगल गये थे।

दोपहर दो बजे के करीब जय सिंह चेरवा (35) पिता स्व. सिंगी चेरवा आईईडी की चपेट में आकर घायल हो गया। इससे ग्रामीण डर गये। कुछ देर बाद हिम्मत जुटा जंगल से निकलने का प्रयास कर रहे थे कि शाम पांच बजे एक और आईईडी विस्फोट हो गया। इसमें तिरिलपोसी का ही सलाई चेरवा (30 वर्ष) पिता स्व. जय राम चेरवा भी घायल हो गया।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:जमशेदपुर में दिनदहाड़े फल कारोबारी की हत्या, बदमाशों ने अंधाधुंध बरसाईं गोलियां
ये भी पढ़ें:रांची में पल रहा ISIS कट्टरपंथ? NIA ने खोली आतंकी नेटवर्क की परतें

पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया शव

पश्चिम सिंहभूम के तिरिलपोसी जंगल में एक-एक कर हुए दो आईईडी विस्फोट में दो ग्रामीणों की मौत के बाद दोनों का शव तिरिलपोसी पहुंचने की सूचना के बाद डीएसपी जयदीप लकड़ा समेत कई अधिकारी पहुंचे। गांव से शवों को कब्जे में करने के बाद जराईकेला पुलिस थाना लाने की कवायद शुरू कर दी, ताकि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा सके।

घटना के बाद बुधवार को पंचायत के मुखिया एग्नेश बारला व पंचायत सेवक युधष्ठिरि गोराई मृतक के परिजनों से मिले। उन्होंने घटना की जानकारी ली। मुखिया एग्नेश बारला ने रोते-बिलखते परिजनों को ढांढस बंधाते हुए उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिया।

आईईडी की चपेट में अबतक जान गंवाने वालों की सूची

20 नवंबर 2022 चेतन कोड़ा (45 वर्ष), रेंगड़ाहातु, टोंटो। 28 दिसंबर 2022 सिंगराय पूर्ति (23 वर्ष), छोटा कुईड़ा, गोईलकेरा। 21 फरवरी 2023- हरिश्चंद्र गोप (23 वर्ष) मेरालगढ़ा, गोईलकेरा। 1 मार्च 2023 कृष्णा पूर्ति (55 वर्ष) ईचाहातू, गोईलकेरा। 25 मार्च 2023 गुरुवारी तामसोय (62 वर्ष) चिड़ियाबेड़ा, मुफस्सिल। 14 अप्रैल जेना कोड़ा (35 वर्ष), रेगड़ाहातु, टोंटो। 28 अप्रैल 2023 गांगी सुरीन (65 वर्ष), पाताहातु, गोईलकेरा। 18 मई 2023 नारा कोड़ा (10 वर्ष), रेंगड़ाहातु, टोंटो। 24-मई 2023-कांडे लागुरी (50 वर्ष), लुईया, टोंटो । 15 फरवरी 2024-रानदाय पूर्ति (56 वर्ष), छोटा कुईड़ा, गोईलकेरा। 18 अक्तूबर 2024-सुनील सुरीन (जराईकेला) 07-जनवरी 2025-सानियारो गागराई (जराईकेला)। 28 नवंबर 2025-फुल धनवार। 10 फरवरी 2026 जय सिंह चेरवा और सलाई चेरवा, तिरिलपोसी, जराईकेला।

28 घंटे बाद जंगल से निकाले गए दोनों के शव

घटना की सूचना के बाद से ही पुलिस और सीआरपीएफ जवान रेस्क्यू ऑपरेशन में लग गए। नक्सली खतरा के बावजूद जवान पूरी रात घायलों को जंगल से निकालने में लगे रहे, पर सफलता नहीं मिली। बुधवार दोपहर 28 घंटे बाद कड़ी सुरक्षा के बीच ग्रामीण घटनास्थल पहुंचे, पर तबतक दोनों घायलों की मौत हो चुकी थी। इसके बाद ग्रामीणों की मदद से शवों को जंगल से निकालने के बाद तिरिलपोसी गांव लेकर पहुंचे।