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गिफ्ट कार्ड से भी म्यूचुअल फंड में कर सकेंगे निवेश, सेबी देने वाला है बड़ा तोहफा

भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने म्यूचुअल फंड में निवेश के लिए गिफ्ट कार्ड या गिफ्ट प्रीपेड भुगतान कार्ड (पीपीआई) शुरू करने का प्रस्ताव रखा है। निवेश के लिए प्रति निवेशक प्रति वित्त वर्ष 50,000 रुपये की सीमा का सुझाव है।

Tue, 24 March 2026 06:59 PMDeepak Kumar लाइव हिन्दुस्तान
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गिफ्ट कार्ड से भी म्यूचुअल फंड में कर सकेंगे निवेश, सेबी देने वाला है बड़ा तोहफा

अगर म्यूचुअल फंड में निवेश करते हैं तो ये खबर आपके काम की है। दरअसल, बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने म्यूचुअल फंड में निवेश के लिए गिफ्ट कार्ड या गिफ्ट प्रीपेड भुगतान कार्ड (पीपीआई) शुरू करने का प्रस्ताव रखा है। इसका उद्देश्य नए निवेशकों को शामिल करके वित्तीय समावेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने अपने प्रस्ताव में कहा है कि इसके तहत, गिफ्ट पीपीआई का खरीदार इसे किसी प्राप्तकर्ता को उपहार में दे सकता है, जो इसका उपयोग म्यूचुअल फंड यूनिट खरीदने के लिए कर सकता है। इन पीपीआई में निवेश केवल भारतीय बैंक खाते से इलेक्ट्रॉनिक बैंक ट्रांसफर (यूपीआई) के माध्यम से किया जा सकेगा। इनकी वैधता जारी होने की तारीख से एक वर्ष तक रहेगी। सेबी ने गिफ्ट पीपीआई के माध्यम से किए गए निवेश के लिए प्रति निवेशक प्रति वित्त वर्ष 50,000 रुपये की सीमा का सुझाव दिया है।

क्या कहा सेबी ने?

बाजार नियामक ने कहा- संपत्ति प्रबंधन कंपनियों (एएमसी) की ओर से आरटीए (रजिस्ट्रार और ट्रांसफर एजेंट) प्रत्येक निवेशक द्वारा प्रति वित्त वर्ष में प्रति एएमसी गिफ्ट पीपीआई, ई-वॉलेट और कैश के माध्यम से किए गए निवेश की राशि पर नजर रखेंगे। यदि गिफ्ट पीपीआई भुनाकर होने वाला लेनदेन 50,000 रुपये से अधिक हो जाता है, तो आरटीए लेनदेन को अस्वीकार कर देगा और पीपीआई का अंकित मूल्य जारीकर्ता के एस्क्रो खाते में वापस कर दिया जाएगा।

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अभी गिफ्ट कार्ड का कहां होता है इस्तेमाल?

परंपरागत रूप से, गिफ्ट कार्ड और प्रीपेड समाधान का उपयोग खुदरा खरीदारी में किया जाता रहा है और समय के साथ डिजिटल भुगतान, क्विक डिलिवरी और बेहतर सुरक्षा के कारण इनका उपयोग बढ़ा है।

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सेबी को एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) से म्यूचुअल फंड इकाइयों में निवेश के साधन के रूप में गिफ्ट पीपीआई की अनुमति देने पर विचार करने के प्रस्ताव मिले थे। उस पर गौर करने के बाद सेबी ने परामर्श पत्र जारी किया है। सेबी के मुताबिक गिफ्ट कार्ड/गिफ्ट पीपीआई से म्यूचुअल फंड क्षेत्र में नए निवेशकों को शामिल करके वित्तीय समावेश में सुधार होने की उम्मीद है। बाजार नियामक ने 14 अप्रैल तक प्रस्तावों पर जनता से सुझाव मांगे हैं।

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विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों के लिए नियम

हाल ही में सेबी ने विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई)सैटलमेंट नियमों में छूट देने का निर्णय किया। इसके तहत विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों को एक ही दिन में कैश मार्केट बाजार में किए गए लेन-देन के लिए अलग-अलग भुगतान करने के बजाय 'नेट फंड' की अनुमति दी गयी है। इस कदम का उद्देश्य परिचालन दक्षता बढ़ाना और उनके लिए फंड की लागत को कम करना है। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों के लिए 'नेट फंड' या 'नेटिंग ऑफ फंड' से मतलब कैश मार्केट में उसी दिन खरीद लेनदेन को वित्तपोषित करने के लिए बिक्री लेनदेन से प्राप्त आय का उपयोग करने की अनुमति से है। यह प्रस्ताव 31 दिसंबर, 2026 को या उससे पहले लागू किया जाएगा।

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