VIDEO:डीडीयू से गया 176 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ी ट्रेन, वंदे भारत से भी तेज
लोगों को सूचित किया गया है कि रेलखंड पर स्पीड ट्रायल को देखते हुए बुधवार को दिनभर पटरी से पर्याप्त सुरक्षात्मक दूरी बनाए रखें। रेल लाइन के निकट न आएं। मवेशियों को भी रेललाइन से दूर रखें। समपार फाटक पर संकेतों एवं निर्देशों का पालन करें। उपलब्ध फुट ओवर ब्रिज का प्रयोग करें।

डीडीयू से गया होते हुए प्रधानखांटा के बीच ट्रेन की स्पीड का ट्रायल रन किया गया है। इस दौरान ट्रेन की रफ्तार 176 किलोमीटर प्रतिघंटा पहुंच गई। इस ट्रायल रन में ट्रेन पर पूर्व मध्य रेल के जीएम छत्रसाल सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
इससे पहले पूर्व मध्य रेल के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चन्द्र ने बताया था कि निगरानी प्रणाली से लैस ट्रायल ट्रेन के जरिये अधिकतम गति के साथ निरीक्षण किया जाएगा। डीडीयू से प्रधानखांटा वाया गया रेलखंड पर ट्रायल के दौरान 180 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से ट्रेन दौड़ेगी।
उन्होने जानकारी दी थी कि पहले ट्रेन डाउन में डीडीयू से गया जंक्शन होते हुए प्रधानखांटा तक जाएगी। अप में डीडीयू वापस आएगी। लोगों को सूचित किया गया है कि रेलखंड पर स्पीड ट्रायल को देखते हुए बुधवार को दिनभर पटरी से पर्याप्त सुरक्षात्मक दूरी बनाए रखें।
रेल लाइन के निकट न आएं। मवेशियों को भी रेललाइन से दूर रखें। समपार फाटक पर संकेतों एवं निर्देशों का पालन करें। उपलब्ध फुट ओवर ब्रिज का प्रयोग करें। किसी भी प्रकार की दुर्घटना होती है, तो इसके लिए रेल प्रशासन जिम्मेदार नहीं होगा।
समस्तीपुर में 120 किलोमीटर प्रतिघंटा थी रफ्तार
समस्तीपुर मंडल के रेलवे अधिकारियों ने मझौलिया-बेतिया रेलखंड पर हुई रेलवे लाइन दोहरीकरण कार्य का गहनता से निरीक्षण किया। नए रेलवे लाइन पर 110 से लेकर 120 किलोमीटर प्रतिघण्टा स्पीड से ट्रेन का ट्रायल किया गया।
स्पीडी ट्रेन का ट्रायल प्लेटफार्म नंबर 02 पर किया गया है। इससे पहले सुबह 10 बजे से इस बाबत मोटर ट्राली गाड़ी से अधिकारियों ने जांच की।अधिकारियों के निर्देश पर कई जगहों पर कालीकरण किया गया। इस मौक़े पर यातायात निरीक्षक मोतिहारी बिनोद कुमार, ,डिप्टी चीफ इंजीनियर बेतिया अजय कुमार, असिस्टेंट इंजीनियर कंस्ट्रक्शन निर्मल सलाहटा, लोको इंस्पेक्टर,स्टेशन मास्टर खुशरू आलम, पॉइंट्स मैन शशिकांत कुमार सहायक एसएनटी नितेश कुमार उपस्थित रहे।
यातायात निरीक्षक बिनोद कुमार ने बताया कि ट्रायल सफल रहा।
बहरहाल इस ट्रायल रन को वंदे भारत जैसी हाई स्पीड ट्रेनों की रफ्तार को देखते हुए काफी अहम माना जा रहा है। इस ट्रायल रन से तेज गति से चलने वाली ट्रेनों के परिचालन में सुविधा होगी। आपको बता दें कि इससे पहले धनबाद-गया-डीडीयू रेलखंड पर भी 160 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से ट्रेन को चलाकर ट्रायर रन किया गया था।
माना जा रहा है कि डीडीयू-गया रेलखंड पर किया गया यह ट्रायल इस सेक्शन को हाईस्पीड रेल नेटवर्क के रूप में विकसित करने में काफी फायदेमंद होगा। कहा जा रहा है कि इस ट्रायल के सफल होने के बाद इस रूट पर ट्रेनों की गति बढ़ाई जा सकती है। यह ट्रायल रन या परीक्षण बिहार ग्रैंड कॉर्ड सेक्शन पर आधारित है, जिससे में भविष्य में यात्रा के दौरान यात्रियों के समय की भी बचत होगी।




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