मुकेश ने 16 साल की लड़की से किया था रेप, मुजफ्फरपुर के तुर्की दुष्कर्म कांड में DNA जांच से खुला भेद
पुलिस ने आरोपित व पीड़िता के जब्त कपड़ों पर लगे सीमेन व खून के साक्ष्यों की एफएसएल जांच कराई थी। इसमें दुष्कर्म की पुष्टि हुई थी। हालांकि, डीएनए जांच नहीं कराने से कोर्ट में मुकेश की संलिप्तता को साबित करने में कानूनी अड़चन आ सकती थी।

बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में तुर्की दुष्कर्म कांड के आरोपित मुकेश कुमार राय और पीड़िता के जब्त कपड़े पर लगे सीमेन व खून की डीएनए जांच रिपोर्ट शनिवार को पुलिस ने विशेष पॉक्सो कोर्ट-तीन में पेश कर दिया। इसमें मुकेश पर दुष्कर्म में शामिल होने की पुष्टि की गई है। इससे पहले पुलिस ने मुकेश के विरुद्ध चार्जशीट दाखिल की थी। मालूम हो कि पीड़िता 16 वर्षीया किशोरी के पिता ने एक जून को तुर्की थाने में केस दर्ज कराया था।
इसमें कहा था कि 31 मई की रात गिफ्ट देने के बहाने उसकी बेटी को मुकेश राय ने मोबाइल पर कॉल कर बुलाया। इसके बाद गाड़ी में बैठाकर ले गया। बाद में गाड़ी से घर पर छोड़ने आया। इस दौरान उसे रोकने का प्रयास किया तो उसने गाड़ी से कुचलने की कोशिश की। किशोरी ने आरोप लगाया कि गाड़ी को सुनसान स्थान पर ले जाकर मुकेश ने उससे दुष्कर्म किया। बाद में मुकेश ने विशेष कोर्ट में सरेंडर कर दिया। फिलहाल वह जेल में बंद है।
पीड़िता के पिता की अर्जी पर कराई गई डीएनए जांच
पुलिस ने आरोपित व पीड़िता के जब्त कपड़ों पर लगे सीमेन व खून के साक्ष्यों की एफएसएल जांच कराई थी। इसमें दुष्कर्म की पुष्टि हुई थी। हालांकि, डीएनए जांच नहीं कराने से कोर्ट में मुकेश की संलिप्तता को साबित करने में कानूनी अड़चन आ सकती थी। इसको लेकर पीड़िता के पिता की ओर से विशेष पॉक्सो कोर्ट-तीन में अर्जी दाखिल की गई थी। विशेष कोर्ट ने अर्जी को आईओ को अग्रसारित कर दिया था। बाद में पुलिस ने विशेष कोर्ट की अनुमति से साक्ष्यों की डीएनए जांच कराने एफएसएल पटना भेजा था। अब इस जांच में भी पुष्टि हो चुकी है।




साइन इन