आपूर्ति के अभाव में कैमूर के तीन पेट्रोल पंप से नहीं मिले इंधन
पंपों पर गुरुवार को उपलब्ध था 311267 लीटर डीजल तथा 239028 लीटर पेट्रोल डीएसओ ने कहा, कैमूर जिले में डीजल व पेट्रोल की पर्याप्त मात्रा में है उपलब्धता

पंपों पर गुरुवार को उपलब्ध था 311267 लीटर डीजल तथा 239028 लीटर पेट्रोल डीएसओ ने कहा, कैमूर जिले में डीजल व पेट्रोल की पर्याप्त मात्रा में है उपलब्धता ग्राफिक्स 47 कुल पेट्रोल पंप हैं कैमूर जिले के सभी 11 प्रखंडों में 03 पेट्रोल पंपों पर गुरुवार को उपलब्ध नहीं था डीजल-पेट्रोल (पटना का टास्क) भभुआ, हिन्दुस्तान संवाददाता।
इंधन की कमी
खाड़ी देशों में युद्ध के बाद शासन-प्रशासन भले ही इंधन की पर्याप्त उपलब्धता की दावा कर रहा है, लेकिन कैमूर जिले में हर दिन किसी न किसी पंप पर इंधन की कमी देखने को मिल रही है। आपूर्ति के अभाव में कैमूर जिले में गुरुवार को तीन पेट्रोल पंपों पर लोगों को डीजल-पेट्रोल नहीं मिले। पूछने पर जिला आपूर्ति पदाधिकारी घनानंद ने भी इसकी पुष्टि की।
पंपों की स्थिति
डीएसओ ने बताया कि कैमूर जिले में भारत पेट्रोलियम, हिन्दुस्तान पेट्रोलियम व इंडियन ऑयल के कुल 47 पेट्रोल पंप है। गुरुवार को जिले के 44 पंपों में डीजल-पेट्रोल उपलब्ध थे। जबकि तीन पंपों मुण्डेश्वरी हाई-वे बरेज, प्रताप फ्यूल चौरसिया तथा किसान फ्लिंग स्टेशन देवकली में आपूर्ति के अभाव में इंधन उपलब्ध नहीं थे।
प्रधानमंत्री की अपील
जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि गुरुवार को 44 पेट्रोल पंपों पर 3 लाख 11 हजार 267 लीटर डीजल एवं 2 लाख 39 हजार 28 लीटर पेट्रोल उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री द्वारा डीजल-पेट्रोल की कम खपत करने की अपील के आलोक में जिला प्रशासन द्वारा भी आम लोगों को इंघन की खपत कम करने की अपील की जा रही है। डीएसओ ने बताया कि जिले में इंधन की कोई कमी नहीं है। बताया जाता है कि लग्न के मौसम के कारण इधर कुछ दिनों से इंधन की खपत बढ़ गई है।
गैलन व ड्रम में आपूर्ति
गैलन व ड्रम में नहीं दे रहे डीजल-पेट्रोल भभुआ। कैमूर के पंप संचालक इन दिनों लोगों को गैलन व ड्रम में डीजल-पेट्रोल की आपूर्ति नहीं कर रहे हैं। समाचार कवरेज के दौरान गुरुवार को इस संवाददाता ने देखा कि शहर के एक पेट्रोल पंप पर एक व्यक्ति गाड़ी में रखे गैलन में डीजल की मांग कर रहा था। पंप कर्मी ने मालिक के निर्देश का हवाला देते हुए उसे गैलन में डीजल देने से मना कर दिया।
किसानों की चिंता
चिता: फिर कैसे होगी धान की रोपनी बताया जाता है कि कुछ दिनों में खरीफ फसल की खेती शुरू होने वाली है। ऐसे में खेती से पहले कुछ किसान खेतों की जुताई के लिए घरों में डीजल का स्टॉक करने में जुटे हुए हैं। किसानों को इस बात की चिंता सता रही है कि कही खेती के समय आवश्कता अनुसार डीजल नहीं मिला तो खेत परती रह जाएंगे तथा धान की रोपनी नहीं हो पाएगी।
लोगों का प्रयास
PM की अपील को अमल कर रहे लोग भभुआ। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा डीजल-पेट्रोल की खपत कम करने की अपील पर कैमूर जिले के बुद्धिजीवी अमल शुरू कर दिए है। भभुआ व्यवहार न्यायालय के अधिवक्ता लक्षमीकांत तिवारी व जितेन्द्र मिश्रा ने बताया कि हमलोग हर दिन बाइक से न्यायालय आते-जाते थे। लेकिन, प्रधानमंत्री के अपील पर अमल करते हुए गुरुवार को ई-रिक्शा से न्यायालय तक आए और घर भी जाएंगे। अधिवक्ताओं ने कहा कि आमजनों के साथ-साथ सरकार के मंत्री व पदाधिकारियों को भी प्रधानमंत्री की अपील पर अमल करने की आवश्कता है।
सामान्य स्थिति
गुरुवार को एक मंत्री को वाहनों के काफिला के साथ गुजरते देखा गया। कोट कैमूर जिले में कुल 47 पंप हैं। गुरुवार को 44 पंपों पर 311276 लीटर डीजल तथा 239028 लीटर पेट्रोल उपलब्ध है। तीन पंपों पर इंधन की आपूर्ति नहीं हुई। जिले में डीजल-पेट्रोल की कोई कमी नहीं है। घना नंद, जिला आपूर्ति पदाधिकारी कोट भारत पेट्रोलियम के पेट्रोल पंपों पर पर्याप्त मात्रा में इंधन उपलब्ध है। डीजल-पेट्रोल की बिक्री पहले की अपेक्षा अभी सामान्य रूप से चल रही है। कानू चरण, सेल्स ऑफिसर, भारत पेट्रोलियम कोट समय के साथ ही कुछ बता पाएंगे। एक-दो दिन बितने के बाद ही पता चलेगा कि क्या स्थिति है। अभी इंधन बिक्री की स्थिति सामान्य है। आमजन पीएम की अपील को अपनाने लगे है। दीपक कुमार, सेल्स ऑफिसर, इंडियल ऑयल (भभुआ से श्रीकांत पांडेय) फोटो-14 मई भभुआ- 3 कैप्शन- भभुआ शहर सोनहन बाईपास रोड में गुरुवार को पंप से इंधन भरवाने के लिए खड़े वाहन।
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




साइन इन