वैशाख माह में तुलसी से जरूर करें ये उपाय, भगवान श्रीहरि के आशीर्वाद से दूर होगी सारी परेशानी
वैशाख मास में तुलसी देवी से किए जाने वाले उपाय अत्यंत फलदायी होते हैं। तुलसी को जल चढ़ाना, घी का दीपक जलाना, पूर्णिमा पर दूध अर्पित करना और लक्ष्मी प्राप्ति का गुरुवार उपाय करने से श्रीहरि का आशीर्वाद मिलता है और जीवन की सभी परेशानियां दूर हो जाती हैं।

वैशाख मास हिंदू पंचांग का अत्यंत पावन महीना माना जाता है। इस माह में सूर्य की तीव्रता बढ़ने के कारण जलदान का विशेष महत्व होता है। तुलसी देवी को जल अर्पित करना वैशाख में अत्यंत शुभ और फलदायी कार्य है। पद्मपुराण और ब्रह्मवैवर्त पुराण जैसे ग्रंथों में तुलसी की महिमा का विस्तार से वर्णन मिलता है। तुलसी के दर्शन मात्र से पाप नष्ट होते हैं, जल अर्पण से यम भय दूर होता है, भगवान विष्णु और लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है। वैशाख में तुलसी से जुड़े उपाय करने से भगवान श्रीहरि प्रसन्न होते हैं और जीवन की समस्त परेशानियां दूर हो जाती हैं।
तुलसी देवी की अनंत महिमा
तुलसी देवी को वैष्णवों की सर्वश्रेष्ठ देवी माना जाता है। पद्मपुराण के सृष्टि खंड में भगवान शिव अपने पुत्र कार्तिक को बताते हैं कि समस्त पत्र-पुष्पों में तुलसी सर्वोत्तम है। तुलसी सर्वकामना प्रदान करने वाली, मंगलमयी और विष्णु प्रिया है। भगवान शिव कहते हैं कि जो व्यक्ति प्रतिदिन तुलसी की मंजरी अर्पित कर विष्णु की आराधना करता है, उसके पुण्य का वर्णन करने में वे स्वयं भी असमर्थ हैं। जहां तुलसी का वन होता है, वहां भगवान गोविंद, लक्ष्मी, ब्रह्मा और समस्त देवगण निवास करते हैं। ब्रह्मवैवर्त पुराण में तुलसी को विश्व पावनी, जीवन मुक्तिदायिनी और हरिभक्ति प्रदान करने वाली बताया गया है।
वैशाख मास में तुलसी को जल अर्पित करने का महत्व
वैशाख में सूर्य के तेज ताप के कारण पृथ्वी पर जल की कमी होती है। ऐसे में तुलसी को जल अर्पित करना अत्यंत पुण्यदायी है। तुलसी देवी को जल देने से भगवान श्रीहरि अत्यधिक प्रसन्न होते हैं। मान्यता है कि तुलसी के दर्शन मात्र से समस्त पाप नष्ट हो जाते हैं और जल अर्पण करने से यमलोक का भय दूर होता है। वैशाख में नियमित रूप से तुलसी को जल चढ़ाने से घर में सुख-शांति, समृद्धि और स्वास्थ्य की प्राप्ति होती है।
वैशाख में तुलसी का पौधा लगाना
वैशाख मास में तुलसी का पौधा लगाना अत्यंत शुभ माना जाता है। घर, मंदिर या आंगन में तुलसी का रोपण करने से भगवान कृष्ण की भक्ति बढ़ती है और जीवन में निरंतर सफलता मिलती है। तुलसी का पौधा लगाने और उसकी नियमित देखभाल करने से व्यक्ति के जीवन में प्रगति होती है। जो लोग तुलसी का वन लगाते हैं, वहां विष्णु भगवान स्वयं निवास करते हैं। इसलिए वैशाख में तुलसी रोपण करना हर वैष्णव के लिए अत्यंत पुण्य का कार्य है।
लक्ष्मी प्राप्ति के लिए वैशाख गुरुवार का विशेष उपाय
वैशाख के गुरुवार को तुलसी के सामने घी का दीपक जलाएं। एक बर्तन में 7 हल्दी की गांठें, एक गुड़ का टुकड़ा और 7 दाने चने की दाल डालकर तुलसी के पास रखें। हाथ में जल लेकर अपनी मनोकामना बोलें और फिर ये सामग्री दान कर दें। इस उपाय से मां लक्ष्मी घर में स्थिर वास करती हैं और आर्थिक समस्याएं दूर होती हैं। यह उपाय वैशाख के हर गुरुवार को करने से विशेष फल मिलता है।
वैशाख पूर्णिमा पर तुलसी पूजा
वैशाख पूर्णिमा तुलसी पूजा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण तिथि है। इस दिन तुलसी माता को कच्चा दूध चढ़ाएं और लाल कलावा बांधें। ऐसा करने से तरक्की में आ रही बाधाएं दूर होती हैं और धन आगमन के नए रास्ते खुलते हैं। पूर्णिमा के दिन तुलसी के पास घी का दीपक जलाकर श्रीहरि और कृष्ण को तुलसी दल अर्पित करें। इससे जीवन के अंधकार दूर होते हैं और सुख-समृद्धि आती है।
आर्थिक तंगी दूर करने का तुलसी उपाय
वैशाख मास में आर्थिक परेशानियों से मुक्ति पाने के लिए तुलसी के पत्तों को लाल कपड़े में बांधकर तिजोरी या पर्स में रखें। यह सरल उपाय धन लाभ के योग बनाता है और आर्थिक तंगी को दूर करता है। साथ ही सुबह-शाम तुलसी के पास घी का दीपक जलाएं और नियमित रूप से तुलसी को जल अर्पित करें। इन उपायों से भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है।
तुलसी पूजा के सामान्य नियम
वैशाख में तुलसी की पूजा करते समय हमेशा शुद्ध मन और भक्ति भाव रखें। तुलसी को कभी भी काटना या तोड़ना नहीं चाहिए। रोजाना सुबह-शाम तुलसी को जल चढ़ाएं और घी का दीपक जलाएं। तुलसी दल को भगवान श्रीहरि और कृष्ण के भोग में अवश्य अर्पित करें।
इन सरल उपायों को करने से वैशाख मास में भगवान श्रीहरि का विशेष आशीर्वाद प्राप्त होता है और जीवन की समस्त परेशानियां दूर हो जाती हैं।




साइन इन