Seven police criminals are absconding from clutches of gorakhpur police गोरखपुर पुलिस को छका रहे हैं 7 वर्दीधारी, एक 10 हजार रुपये का इनामी, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

गोरखपुर पुलिस को छका रहे हैं 7 वर्दीधारी, एक 10 हजार रुपये का इनामी

गोरखपुर पुलिस अपने ही 7 वर्दीधारियों की तलाश में है। तीन अलग-अलग गंभीर मामलों में सात पुलिसकर्मियों की तलाश कर रही है। इनमें लूट, जालसाजी और हत्या जैसे संगीन आरोप शामिल हैं। चार बैंकों से लोन फ्रॉड कर फरार चल रहे एक सिपाही पर दस हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया जा चुका है।

Tue, 20 Jan 2026 06:20 AMPawan Kumar Sharma विवेक पांडेय, गोरखपुर
share
गोरखपुर पुलिस को छका रहे हैं 7 वर्दीधारी, एक 10 हजार रुपये का इनामी

अपराधियों को पकड़ने वाली पुलिस अपने ही विभाग के अपराधी बने पुलिसकर्मियों को नहीं पकड़ पा रही है। गोरखपुर पुलिस तीन अलग-अलग गंभीर मामलों में सात पुलिसकर्मियों की तलाश कर रही है। इनमें लूट, जालसाजी और हत्या जैसे संगीन आरोप शामिल हैं। चार बैंकों से लोन फ्रॉड कर फरार चल रहे एक सिपाही पर दस हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया जा चुका है, जबकि लूट के मामले में फरार पांच पुलिसवालों पर भी इनाम घोषित करने की तैयारी चल रही है। वहीं, एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के मामले में फरार जेल के सिपाही के घर कुर्की की कार्रवाई भी की जा चुकी है।

देवरिया जिले के भाटपार रानी थाना क्षेत्र के जगउर गांव निवासी नीतीश कुमार यादव, उत्तर प्रदेश पुलिस में सिपाही है। उसने बैंक ऑफ बड़ौदा की गोरखपुर स्थित चार शाखाओं से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर 52 लाख रुपये का उसने पर्सनल लोन ले लिया है। जब लोन की किश्तें नहीं मिलीं और जांच हुई, तब उसकी तैनाती महराजगंज जिले में थी। बैंक ऑफ बड़ौदा के उप क्षेत्रीय प्रमुख आशीष सिंह की तहरीर पर 28 मई 2024 को महराजगंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया। मामला गोरखपुर से जुड़े होने से तत्कालीन डीआईजी के आदेश पर केस कैंट थाने में स्थानांतरित कर दिया गया। डेढ़ साल से फरार सिपाही पर अब एसएसपी के निर्देश पर दस हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया कि गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:2 लाख दो वरना एनकाउंटर हो जाएगा; फर्जी आईपीएस ने कपड़ा व्यपारी को धमकाया

इन शाखाओं से लिया गया लोन

नीतीश यादव ने कूटरचित पुलिस आई-कार्ड, वेतन पर्ची, फॉर्म-16, कर्मचारी सत्यापन रिपोर्ट और बैंक स्टेटमेंट से बैंक अधिकारियों को झांसे में लिया। उसने बैंक ऑफ बड़ौदा की मेडिकल कॉलेज रोड शाखा से 5 लाख, गोरखपुर मुख्य शाखा से 23 लाख,कसया शाखा से 12.50 लाख, बेतियाहाता शाखा से 11.70 लाख का पर्सनल लोन लिया।

बैंक और यूपी पुलिस के एमओयू का दुरुपयोग

यूपी पुलिस और बैंक ऑफ बड़ौदा के बीच हुए एमओयू का दुरुपयोग करते हुए सिपाही ने प्रमोद कुमार यादव, संदीप अग्रहरी, अजय सहानी, लक्ष्मीकांत यादव और संदीप कुमार यादव के नाम का इस्तेमाल किया। आरोप है कि इन लोगों नाम के आधार ओटीपी लेकर पहले उनके नाम से खाते खुलवाए गए, फिर फर्जी दस्तावेजों के सहारे लोन स्वीकृत कराया लिया।

लूट के मामले में पांच पुलिसकर्मी भी फरार

गीडा थाना क्षेत्र में 90 हजार रुपये की लूट के मामले में आरोपित बनाए गए पांच पुलिसकर्मी भी कई महीनों से फरार हैं। पिछौरा गांव निवासी रवि शंकर की तहरीर पर नौसढ़ के पूर्व चौकी इंचार्ज सौरभ श्रीवास्तव, महिला दरोगा आंचल, सिपाही प्रवीण यादव, राजेश चौधरी और सुभाष यादव के खिलाफ मुकदमा दर्ज है। इन पर केस वापस लेने की धमकी देने का भी आरोप है। पुलिस इन सभी पर इनाम घोषित करने की तैयारी में है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:मंगेतर ने जयपुर में लगाई फांसी, खबर मिलते ही चित्रकूट में युवती ने भी दी जान

चार लोगों की हत्या में फरार जेल का सिपाही

31 जुलाई 2015 को झरना टोला में सीआरपीएफ जवान की पत्नी और तीन बच्चों की हत्या के मामले में जेल का सिपाही सरदार आलम भी फरार है। आजमगढ़ जिले के बिलरियागंज क्षेत्र के खानकाह गांव निवासी सरदार आलम पुत्र फैजुर्रहमान की तलाश में पुलिस ने उसके घर की कुर्की कर दी है, लेकिन अब तक वह न्यायालय में पेश नहीं हुआ है।

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।