योगी के बुलडोजर पर बरसीं मायावती, बोलीं- बसपा सरकार में खत्म होगा चलन, सपा को भी घेरा
बसपा प्रमुख मायावती ने योगी सरकार के बुलडोजर ऐक्शन पर हमला किया है। मायावती ने कहा कि बसपा की सरकार बनी तो बुलडोजर ऐक्शन को पूरी तरह खत्म कर दिया जाएगा। मायावती ने यह भी घोषणा की कि उनकी सरकार बनने पर मुसलमानों पर दर्ज झूठे मुकदमे वापस लिए जाएंगे।

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने योगी सरकार पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चल रही ‘बुलडोज़र कार्रवाई’ अन्यायपूर्ण है और यदि बसपा की सरकार बनी तो इस प्रथा को पूरी तरह खत्म कर दिया जाएगा। मायावती ने यह भी घोषणा की कि उनकी सरकार बनने पर मुसलमानों पर दर्ज झूठे मुकदमे वापस लिए जाएंगे और उन्हें सरकार में पूरा प्रतिनिधित्व दिया जाएगा।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने बुधवार को मुस्लिम समाज भाईचारा संगठन की बैठक की। उन्होंने हर मंडल में दो-दो सदस्यों की मुस्लिम भाईचारा कमेटी बनाई है। यह सदस्य अपने-अपने मंडल के विधानसभा क्षेत्रों में जाकर मुस्लिम समाज के लोगों के साथ बैठक कर उन्हें पार्टी से जोड़ने का काम करेंगे। छोटी-छोटी बैठक कर बीएसपी के लिए माहौल बनाएंगे।
सपा ने मुसलमानों के वोट लिया और कुछ नहीं किया
एसआईआर पर मायावती ने निर्देश दिए की बूथ लेवल पर कार्यकर्ता जाएं और लोगों का नाम जुड़वाने में उनकी मदद करें। बसपा सरकार में मुसलमानों के लिए किए गए सौ कार्यो को गिनाया जाएगा। उन्हें बताया जाएगा कि बहन मायावती के सरकार में आने पर बुलडोजर रुकेगा और दर्ज मुकदमों को वापस लिया जाएगा। सरकार में पूरा प्रतिनिधित्व दिया जाएगा। मायावती ने सपा को भी घेरा। सपा ने मुसलमानों के वोट लिया और कुछ नहीं किया। बसपा सरकार में कभी कोई दंगा नहीं हुआ।
मायावती का दाव बसपा के लिए चुनावी मैदान में बड़ी चुनौती बनेगा
बसपा सुप्रीमो मायावती के इस तरह के ऐलान को मुस्लिम बैंक साधने की दिशा में बड़ा कदम बताया जा रहा है। इसे समाजवादी पार्टी के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले की काट के तौर पर भी देखा जा रहा है। माना जा रहा है कि मायावती की यह रणनीति सपा के लिए चुनावी मैदान में बड़ी चुनौती बन सकती है।
एसआईआर पर मायावती का निर्देश
इससे पहले सुबह बैठक में बसपा सुप्रीमो के पहुंचने पर उनके भतीजे और पार्टी के नेशनल कोआर्डिनेटर आकाश आनंद ने पैर छूकर उनका आशीर्वाद लिया। बैठक में बसपा सुप्रीमो मायावती ने एसआईआर को लेकर बातचीत की। उन्होंने एसआईआर पर निर्देश दिया कि बूथ लेवल पर कार्यकर्ता जाएं और वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने में लोगों की उनकी मदद करें।




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