Danish Ali said that Mayawati could not convince her only MP to vote against the Waqf Bill इकलौते सांसद से वक्फ विधेयक के खिलाफ नहीं करा पाईं वोट, दानिश अली का मायावती पर पलटवार, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

इकलौते सांसद से वक्फ विधेयक के खिलाफ नहीं करा पाईं वोट, दानिश अली का मायावती पर पलटवार

कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद दानिश अली ने शनिवार को बसपा सुप्रीमो मायावती पर पलटवार करते हुए कहा कि यह इत्तेफाक है या यह हमेशा की तरह दबाव कि वह अपने एकमात्र सांसद से वक्फ संशोधन विधेयक के खिलाफ वोट क्यों नहीं करा पाईं।

Sat, 12 April 2025 05:01 PMPawan Kumar Sharma भाषा
share
इकलौते सांसद से वक्फ विधेयक के खिलाफ नहीं करा पाईं वोट, दानिश अली का मायावती पर पलटवार

कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद दानिश अली ने शनिवार को बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती पर पलटवार करते हुए कहा कि उन्हें बताना चाहिए कि यह इत्तेफाक है या यह हमेशा की तरह दबाव कि वह अपने एकमात्र सांसद से राज्यसभा में वक्फ संशोधन विधेयक के खिलाफ वोट क्यों नहीं करा पाईं। दरअसल मायावती ने वक्फ संशोधन विधेयक पर लोकसभा में हुई चर्चा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की कथित खामोशी पर शनिवार को सवाल उठाया था।

मायावती के पोस्ट को लेकर बसपा नेता रहे दानिश अली ने एक्स पर पोस्ट किया, "आदरणीय बहन मायावती जी बसपा के एकमात्र सांसद (राज्यसभा) रामजी गौतम हैं, उनसे से भी आप वक़्फ़ बिल के विरोध में वोट नहीं करा पाई।" उन्होंने सवाल किया कि यह हमेशा की तरह किसी का दबाव था या महज़ इत्तेफ़ाक़? उन्होंने आगे लिखा, "कांग्रेस और राहुल संसद के अंदर और बाहर संविधान बचाने के लिये संघर्षरत है। आपसे सहयोग की अपेक्षा है।"

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:मेरे बेटे MP, MLA नहीं बनेंगे तो क्या रिक्शा चलाएंगे? संजय निषाद का बड़ा बयान
ये भी पढ़ें:अयोध्या में श्रद्धालुओं के लिए कब से खुलेगा राम दरबार, ट्रस्ट ने बताई तारीख

इससे पहले मायावती ने शनिवार को सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर सिलसिलेवार पोस्ट करते हुए कहा, "वक्फ संशोधन विधेयक पर लोकसभा में हुई लंबी चर्चा में नेता प्रतिपक्ष द्वारा कुछ नहीं बोलना क्या उचित है जबकि विपक्ष संशोधित नागरिकता कानून की तरह इसे संविधान के उल्लंघन का मामला बता रहा है। इसे लेकर मुस्लिम समाज में आक्रोश व इनके इंडिया गठबंधन में बेचैनी स्वाभाविक है।”

उन्होंने आगे लिखा, “वैसे भी देश में बहुजनों के हित, कल्याण एवं सरकारी नौकरी व शिक्षा आदि में इन वर्गों के आरक्षण के अधिकार को निष्प्रभावी व निष्क्रिय बनाकर इन्हें वंचित बनाए रखने के मामले में कांग्रेस, भाजपा आदि ये पार्टियां बराबर की दोषी हैं। धार्मिक अल्पसंख्यकों को भी इनके छलावा से बचने की जरूरत है। इनके ऐसे रवैयों के कारण उत्तर प्रदेश में भी बहुजनों की स्थिति हर मामले में काफी बदहाल व त्रस्त है जबकि भाजपाइयों को कानून हाथ में लेने की छूट है। साथ ही, बिजली व अन्य सरकारी विभागों में बढ़ते हुए निजीकरण से हालात चिंताजनक हैं। सरकार जनकल्याण का संवैधानिक दायित्व सही तरह से निभाए।”

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।