भारतीय रसोई में घी का इस्तेमाल सालों से किया जा रहा है। रोटी-पराठे बनाने के अलावा इससे कुछ लोग सब्जी भी बनाते हैं। वैसे तो घी बनाने के प्रोसेस में 3 स्टेप शामिल हैं जिसमें दूध से दही बनाना फिर दही से बटर बनाना और फिर बट से घी निकालना। लेकिन घरों में इसे दूध की मलाई से सिंगल स्टेप में बना लिया जाता है। हालांकि, मलाई से निकले घी की गंध काफी तेज होती है, इससे छुटकारा पाने के लिए यहां देखें ट्रिक।

ज्यादातर महिलाएं 10 से 15 दिन के दूध की मलाई को फ्रीजर में जमा करती हैं। इसका घी निकालने से पहले मलाई को बाहर निकाला जाता है और जब वह रूम टेंप्रेचर पर आ जाता है तब इसमें बर्फ डालकर अच्छी तरह से फेंटा जाता है। जिसके बाद पानी और बटर अलग हो जाता है। इस बटर को कढ़ाई में डालकर पिघलाया जाता है और फिर घी तैयार होता है।

मलाई से घी निकालने के अलग-अलग तरीके हैं। एक तरीका जिसे दादी-नानी अच्छा मानती हैं वह है कि आप दूध गर्म करें और इसे जमा की हुई मलाई के साथ जमा दें। ठीक वैसे ही जैसे आप दही जमाते हैं। फिर अगली सुबह इसके जमने के बाद इसे बिलोएं। जब दही से मक्खन अलग हो जाए तब इस मक्खन का घी निकालें।

मलाई से घी निकालने पर आप लास्ट स्टेप में गरम घी में एक साफ पान का पत्ता डाल सकते हैं। इसे कुछ सेकंड के लिए चटकने दें और फिर निकाल लें। इससे कच्ची गंध कम होती है और हल्की खुशबू आती है। इस एक ट्रिक से घी की शेल्फ लाइफ भी बढ़ जाती है।

मलाई वाले घी की बदबू से निपटने के लिए घी को 4-5 लौंग और थोड़ी दालचीनी के साथ दोबारा गर्म करके रख दें।

मलाई वाले घी की रंगत बढ़ाने के लिए इसमें एक चुटकी हल्दी डाल दें। इससे घी में हल्का पीलापन आएगा जो दिखने में काफी अच्छा लगता है।

मलाई से दानेदार घी बनाने के लिए सबसे आसान तरीका है कि जब घी बनने वाला हो तब इसमें ठंडे पानी के कुछ छींटे मारें। ऐसा करने से झाग आएंगे और घी की बनावट दानेदार आएगी।
