Delhi terror blast conspiracy was hatched in room number 13 of AlFalah University faridabad दिल्ली टेरर ब्लास्ट : अल-फलाह यूनिवर्सिटी के 13 नंबर कमरे में रची गई थी साजिश, Ncr Hindi News - Hindustan
More

दिल्ली टेरर ब्लास्ट : अल-फलाह यूनिवर्सिटी के 13 नंबर कमरे में रची गई थी साजिश

दिल्ली लालकिला के पास हुए धमाके की जांच ने बड़ा मोड़ ले लिया है। दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों की तफ्तीश अब अल-फलाह यूनिवर्सिटी, फरीदाबाद के बिल्डिंग नंबर 17 के कमरा नंबर 13 तक पहुंच गई है।  

Fri, 14 Nov 2025 06:39 AMPraveen Sharma हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
share
दिल्ली टेरर ब्लास्ट : अल-फलाह यूनिवर्सिटी के 13 नंबर कमरे में रची गई थी साजिश

दिल्ली लालकिला के पास हुए धमाके की जांच ने बड़ा मोड़ ले लिया है। दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों की तफ्तीश अब अल-फलाह यूनिवर्सिटी, फरीदाबाद के बिल्डिंग नंबर 17 के कमरा नंबर 13 तक पहुंच गई है। यह वही कमरा है, जो अब तक एक आम ब्वॉयज हॉस्टल के रूप में जाना जाता था, लेकिन जांच में सामने आया है कि यहीं पर देशभर में धमाके की साजिशें रची जाती थीं। यह कमरा अब जांच का सबसे बड़ा केंद्र बन गया है।

सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियों को सुराग मिला कि यह कमरा पुलवामा निवासी मुजम्मिल अहमद का था, जो फरीदाबाद मॉड्यूल का अहम सदस्य है। वह अपने साथी डॉ. उमर उन नबी और डॉ. शाहीन के साथ यहीं बैठकर विस्फोटक मंगाने, हथियार जुटाने और देशभर में रेकी करने की योजनाएं तैयार करता था।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:50 से ज्यादा जगहों पर CCTV कैमरों में दिखा उमर, लालकिला धमाके की जांच में खुलासा

एजेंसियों के अनुसार, इस कमरे में बैठकर ही यह तय किया गया था कि नए सदस्यों को नेटवर्क से कैसे जोड़ा जाए और किसे किस शहर में भेजा जाए। तफ्तीश के दौरान जांच टीम ने इस कमरे को पूरी तरह सील कर दिया है। यहां से लैपटॉप, पेन ड्राइव और कई डिजिटल डिवाइस बरामद किए गए हैं।

विशेषज्ञों की टीम अब इनसे मिले डेटा की तकनीकी जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि साजिश के लिए किस-किस से संपर्क किया गया था।

फॉरेंसिक टीम ने अल-फलाह यूनिवर्सिटी की फार्माकोलॉजी लैब को भी सील कर दिया है। यहां से कुछ रासायनिक पदार्थ, इस्तेमाल की गई बोतलें और टेस्ट ट्यूब जब्त किए गए हैं। प्रारंभिक जांच से संकेत मिले हैं कि कुछ केमिकल्स को डॉ. उमर और डॉ. शाहीन की मदद से फरीदाबाद के धौज और टागा गांव तक पहुंचाया गया था। इस आधार पर जांच दल अब रासायनिक नमूनों की वैज्ञानिक जांच कर रहा है।

चार शहरों में धमाका करने की थी तैयारी

एजेंसियों के मुताबिक, मॉड्यूल का मकसद बेहद खतरनाक था। आठ संदिग्धों ने देश के चार शहरों में सीरियल ब्लास्ट करने की योजना बनाई थी। हर शहर में दो-दो लोगों की टीम भेजी जानी थी और हर टीम को कई आईईडी ले जाने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इस योजना को ‘मल्टी-लोकेशन प्लान’ नाम दिया गया था, ताकि एक साथ कई स्थानों पर विस्फोट से देशभर में दहशत फैलाई जा सके। जांच एजेंसियां अब यह खंगाल रही हैं कि इस नेटवर्क के कितने और सदस्य देश के अलग-अलग राज्यों में सक्रिय हैं। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल और एनआईए मिलकर अब पूरे मॉड्यूल की जड़ तक पहुंचने की कोशिश में हैं।

लेटेस्ट Hindi News , Delhi News , Ghaziabad News , Noida News , Gurgaon News और Faridabad News सहित पूरी NCR News पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।