Why Did BJP Not Give Ticket to Annamalai The Former IPS Officer Explains It Himself अन्नामलाई को BJP ने क्यों नहीं बनाया उम्मीदवार? पूर्व IPS अधिकारी ने खुद बताया, India News in Hindi - Hindustan
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अन्नामलाई को BJP ने क्यों नहीं बनाया उम्मीदवार? पूर्व IPS अधिकारी ने खुद बताया

भाजपा ने अन्नाद्रमुक (AIADMK) के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में अपने कोटे की सीटों पर पूरी ताकत झोंक दी है। भाजपा ने अवनाशी सीट से पूर्व केंद्रीय मंत्री एल मुरुगन को उम्मीदवार बनाया है।

Sat, 4 April 2026 10:18 AMHimanshu Jha लाइव हिन्दुस्तान
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अन्नामलाई को BJP ने क्यों नहीं बनाया उम्मीदवार? पूर्व IPS अधिकारी ने खुद बताया

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अपनी रणनीति की बिसात बिछा दी है। पार्टी ने शुक्रवार को अपने हिस्से की सभी 27 सीटों के लिए उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी, जिसमें केंद्रीय मंत्रियों से लेकर पूर्व राज्यपालों तक को चुनावी मैदान में उतारा गया है। हालांकि इस सूची में पार्टी के मुखर नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई का नाम शामिल था। इस घटना ने सियासी पंडितों को भी चौंका दिया।

भाजपा ने अन्नाद्रमुक (AIADMK) के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में अपने कोटे की सीटों पर पूरी ताकत झोंक दी है। भाजपा ने अवनाशी सीट से पूर्व केंद्रीय मंत्री एल मुरुगन को उम्मीदवार बनाया है। वहीं, पूर्व राज्यपाल तमिलिसाई सुंदरराजन को मायलापुर, महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष वनथी श्रीनिवासन को उनकी मौजूदा सीट कोयंबटूर उत्तर और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन को सत्तूर सीट से चुनाव मैदान में उतारा है। पार्टी ने सामाजिक समीकरणों को साधते हुए 5 महिलाओं को भी चुनावी टिकट दिया है।

भाजपा ने अन्नामलाई को क्यों नहीं दिया टिकट?

पूर्व आईपीएस अधिकारी के. अन्नामलाई को टिकट न मिलना राजनीतिक गलियारों में चर्चा का सबसे बड़ा विषय बना हुआ है। इसको लेकर दो अलग-अलग पक्ष सामने आ रहे हैं। खुद अन्नामलाई ने मीडिया में चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए स्पष्ट किया कि उन्होंने स्वयं चुनाव न लड़ने का निर्णय लिया था। उन्होंने कहा, "मैंने पहले ही कोर कमेटी को लिखित में सूचित कर दिया था कि मैं किसी भी निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव नहीं लड़ूंगा। पार्टी नेतृत्व ने मेरे फैसले का सम्मान किया, इसके लिए मैं आभारी हूं। अब मैं गठबंधन के उम्मीदवारों के लिए प्रचार पर ध्यान केंद्रित करूंगा।"

गठबंधन का गणित

दूसरी ओर, सूत्रों और राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अन्नाद्रमुक (AIADMK) के साथ गठबंधन को बचाने के लिए भाजपा को यह कदम उठाना पड़ा। अन्नामलाई की आक्रामक शैली और अन्नाद्रमुक नेतृत्व पर उनकी टिप्पणियों को लेकर सहयोगी दल को कड़ी आपत्ति थी। बताया जा रहा है कि अन्नामलाई कोयंबटूर उत्तर से लड़ना चाहते थे, लेकिन वह सीट वनथी श्रीनिवासन के पास ही रही।

मोदी का मिशन तमिलनाडु

भाजपा के लिए तमिलनाडु इस बार बेहद महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद राज्य में कमान संभाल ली है। शनिवार को चेन्नई में वे लगभग 100 प्रमुख पार्टी पदाधिकारियों और जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक करेंगे। इस बैठक का उद्देश्य कार्यकर्ताओं में जोश भरना और जमीनी स्तर पर राजग (NDA) के पक्ष में माहौल बनाना है।