कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने बांटे विभाग, सिद्धा के बेटे यतींद्र को भी दिया गिफ्ट
कर्नाटके के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने शपथ ग्रहण के बाद विभागों का बंटवारा कर दिया है। मुख्यमंत्री ने वित्त विभाग को अपने पास रखा है, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र को शहरी विकास मंत्रालय समेत कई अन्य प्रमुख मंत्रालयों की कमान दी है।

Karnataka CM DK Shivakumar allocated portfolios: कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने अपने मंत्रियों के बीच में विभागों का बंटवारा कर दिया है। मुख्यमंत्री ने वित्त मंत्रालय, कैबिनेट अफेयर्स समेत प्रमुख विभागों को अपने पास रखा है, जबकि उप मुख्यमंत्री जी परमेश्वरन को रेवन्यू और खेल विभाग का सर्वेसर्वा बनाया है। इसके अलावा तीन साल के शासन के बाद पद छोड़ने वाले पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र को शहरी विकास मंत्रालय के अलावा जल मंत्रालय की कमान भी सौंपी गई है। इसके अलावा सिद्धा सरकार में मंत्री पद संभाल चुके कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के पुत्र प्रियांक खरगे को गृह मंत्रालय की कमान दी गई है।
आइए देखते हैं पूरी लिस्ट
- मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार- वित्त मंत्रालय, कैबिनेट अफेयर्स, प्रशासनिक कार्य विभाग, इंटेलिजेंस समेत अन्य विभाग
2. उप मुख्यमंत्री जी. परमेश्वर- रेवेन्यू, खेल
3. के. एच. मुनियप्पा- खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, कंज्यूमर अफेयर्स
4. के. के. जॉर्ज- एनर्जी एंड टूरिज्म
5. एम. बी पाटिल- इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट, बड़े एवं मध्यम उद्योग
6. सतीश जारकीहोली- लोक निर्माण
7. कृष्णा बायरे गौड़ा- ग्रेटर बेंगलुरू डेवलपमेंट, जिसमें बेंगलुरू के तमाम नगर निगम शामिल हैं।
8. प्रियांक खरगे- गृह मंत्रालय (खुफिया विभाग छोड़कर) आईटी और ई गवर्नेंस
9. यूटी खादर- स्वास्थ्य विभाग, परिवार कल्याण
10. ईश्वर खंड्रे- ग्रामीण एवं पंचायती राज
11. यतींद्र सिद्धारमैया- शहरी विकास, कर्नाटक शहरी जल आपूर्ति, जल निकासी बोर्ड, केयूआईडीएफसी, सभी शहरी प्राधिकरण। इसके अलावा ज्यादातर स्थानीय योजनाओं भी इन्हीं के हाथ में रहेंगी।
12. बायराथी सुरेश- परिवहन मंत्रालय
13. शरण प्रकास पाटिल- मेडीकल शिक्षा और कौशल विकास
बता दें, कर्नाटक में तीन साल की सिद्धारमैया सरकार के बाद डीके शिवकुमार ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। उनके साथ में उप मुख्यमंत्री जी परमेश्वर समेत 13 विधायकों ने भी पद और गरिमा की शपथ ली थी। गुरुवार को इन्हीं मंत्रियों के बीच में विभागों का बंटवारा किया गया है। हालांकि, कर्नाटक में 34 मंत्रियों के पद स्वीकृत हैं। ऐसे में जल्द ही हमें डीके कैबिनेट का विस्तार होता हुआ नजर आ सकता है। कर्नाटक में चुनाव अभी करीब दो साल दूर हैं। ऐसे में कांग्रेस पार्टी राज्य को अपने हाथ में रखने के लिए सभी प्रयास करती हुई नजर आएगी।




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