four cabinet ministers and 25 mla lost in jharkhand elections hemant government made record in history of 24 years झारखंड चुनाव में चार कैबिनेट मंत्री और 25 विधायक हारे, हेमंत सरकार ने 24 सालों के इतिहास में बनाया रिकॉर्ड, Jharkhand Hindi News - Hindustan
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झारखंड चुनाव में चार कैबिनेट मंत्री और 25 विधायक हारे, हेमंत सरकार ने 24 सालों के इतिहास में बनाया रिकॉर्ड

  • चुनाव में हेमंत कैबिनेट के 4 मंत्री समेत 25 विधायक हार गए। हारने वाले मंत्रियों में मिथिलेश ठाकुर, बैद्यनाथ राम, बेबी देवी और बन्ना गुप्ता शामिल हैं। बेबी देवी को जेएलकेएम प्रत्याशी जयराम महतो ने हराया।

Sun, 24 Nov 2024 06:38 AMDevesh Mishra लाइव हिन्दुस्तान, रांची, हिन्दुस्तान
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झारखंड चुनाव में चार कैबिनेट मंत्री और 25 विधायक हारे, हेमंत सरकार ने 24 सालों के इतिहास में बनाया रिकॉर्ड

झारखंड विधानसभा चुनाव में हेमंत सोरेन के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन ने अभूतपूर्व दो तिहाई बहुमत प्राप्त किया है। शनिवार को आए चुनाव परिणाम में कुल 81 सीटों में से 56 सीटें जीतकर हेमंत सोरेन ने महाराष्ट्र विधानसभा तथा विभिन्न राज्यों के उपचुनाव में भाजपा के विजय रथ को झारखंड में रोक दिया। भौगोलिक और सांस्कृतिक रूप से बंटे झारखंड के छह क्षेत्र कोल्हान, संताल, कोयलांचल, उत्तरी व दक्षिणी छोटानागपुर तथा पलामू में से पांच में झामुमो और इंडिया गठबंधन को प्रचंड जीत मिली है। हेमंत सरकार ने झारखंड के 24 सालों के इतिहास में रिकॉर्ड भी बनाया है। अब तक कोई भी सरकार लगातार दो बार सत्ता में नहीं आ सकी थी, लेकिन हेमंत सरकार लगातार दूसरी बार सत्ता में आई है। वहीं एनडीए को 24 सीटें ही हासिल हो सकीं।

चार कैबिनेट मंत्री और 25 विधायक हारे

चुनाव में हेमंत कैबिनेट के 4 मंत्री समेत 25 विधायक हार गए। हारने वाले मंत्रियों में मिथिलेश ठाकुर, बैद्यनाथ राम, बेबी देवी और बन्ना गुप्ता शामिल हैं। बेबी देवी को जेएलकेएम प्रत्याशी जयराम महतो ने हराया। इधर, इस चुनाव परिणाम के बाद भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सोरेन को बधाई दी और कहा कि यह नतीजे भाजपा के लिए अप्रत्याशित हैं।

लगातार दूसरी बार सबसे बड़ी पार्टी के तौर पर उभरी झामुमो

चुनाव परिणामों के अनुसार, झामुमो लगातार दूसरी बार सबसे बड़ी पार्टी के रूप में सामने आया है। 43 सीटों पर प्रत्याशी उतारे, जिनमें 34 पर जीत मिली। वहीं गठबंधन में शामिल कांग्रेस 30 सीट पर लड़ी और 16 सीटें जीती। राजद ने 6 प्रत्याशी उतारे और चार सीटें कब्जे में की। भाकपा माले ने चार सीटों पर लड़कर दो सीटें फतह की हैं।

भाजपा को पिछले चुनाव के मुकाबले चार सीटों पर नुकसान

दूसरी ओर भाजपा पिछले चुनाव के मुकाबले चार सीटों के नुकसान पर 21 सीट ही जीत सकी, जबकि 68 सीटों पर प्रत्याशी उतारे थे। एनडीए की दूसरी बड़ी सहयोगी पार्टी आजसू दस सीटों पर चुनाव लड़ी, लेकिन एक सीट ही जीत सकी। आजसू अध्यक्ष सुदेश महतो खुद चुनाव हार गए।