Putin held 90 minute phone call with Trump know what they discuss about Ukraine and Iran पुतिन ने ट्रंप को किया फोन, डेढ़ घंटे तक बातचीत; यूक्रेन-ईरान को लेकर क्या चर्चा?, International Hindi News - Hindustan
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पुतिन ने ट्रंप को किया फोन, डेढ़ घंटे तक बातचीत; यूक्रेन-ईरान को लेकर क्या चर्चा?

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से करीब डेढ़ घंटे तक फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने यूक्रेन में युद्धविराम की संभावनाओं और ईरान के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की।

Thu, 30 April 2026 12:57 AMDevendra Kasyap लाइव हिन्दुस्तान
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पुतिन ने ट्रंप को किया फोन, डेढ़ घंटे तक बातचीत; यूक्रेन-ईरान को लेकर क्या चर्चा?

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से करीब डेढ़ घंटे तक फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने यूक्रेन में युद्धविराम की संभावनाओं और ईरान के मुद्दे पर विस्तृत चर्चा की। क्रेमलिन के अनुसार, पुतिन ने अमेरिका और इजरायल को मध्य पूर्व में किसी भी नई सैन्य कार्रवाई से बचने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि ऐसी कोई कार्रवाई बेहद गंभीर और नुकसानदायक परिणाम दे सकती है। क्रेमलिन के अनुसार, रूस की पहल पर हुई यह बातचीत दोस्ताना, स्पष्ट और व्यावसायिक माहौल में हुई।

विजय दिवस पर अस्थायी युद्धविराम की दिशा में चर्चा

दोनों नेताओं ने 9 मई को रूस में मनाए जाने वाले विजय दिवस (Victory Day) के मौके पर यूक्रेन में अस्थायी युद्धविराम की संभावना पर विचार किया। ट्रंप ने इस प्रस्ताव का समर्थन किया। साथ ही, ईरान के साथ चल रहे युद्धविराम को बढ़ाने के ट्रंप के फैसले का स्वागत किया गया ताकि तेहरान के परमाणु कार्यक्रम पर आगे बातचीत हो सके। रूस ने इस विवाद को सुलझाने के लिए ठोस प्रस्ताव भी रखे हैं।

ट्रंप ने इससे पहले सीएनएन को दिए इंटरव्यू में खुलासा किया था कि पुतिन ने ईरान के समृद्ध यूरेनियम भंडार पर नियंत्रण के लिए रूस की मदद की पेशकश की है। ट्रंप ने कहा कि मैंने उनसे कहा कि मदद करने से पहले मुझे यूक्रेन का युद्ध खत्म करवाना है। उन्होंने इस बातचीत को ‘बहुत अच्छी’ बताया और उम्मीद जताई कि यूक्रेन संघर्ष का समाधान जल्द निकल आएगा।

विजय दिवस परेड में इस बार सैन्य साजो-सामान का प्रदर्शन नहीं

रूस इस बार 9 मई को विजय दिवस परेड में सैन्य हथियारों और वाहनों का प्रदर्शन नहीं करेगा। नाजी जर्मनी पर जीत की 81वीं वर्षगांठ पर मॉस्को के रेड स्क्वायर पर होने वाली इस पारंपरिक परेड में लगभग दो दशकों बाद पहली बार सैन्य काफिला नहीं दिखेगा। रक्षा मंत्रालय ने इसका कारण ‘वर्तमान अभियानगत स्थिति’ बताया है। परेड में विभिन्न सैन्य शिक्षण संस्थानों के कैडेट और रूसी सशस्त्र बलों के कुछ सैनिक शामिल होंगे। पारंपरिक सैन्य विमानों की उड़ानें भी होंगी। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने यूक्रेन की ‘आतंकी गतिविधियों’ का जिक्र करते हुए कहा कि सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं।

पिछले साल की परेड सबसे बड़ी थी

गौरतलब है कि पिछले साल यूक्रेन अभियान के दौरान हुई विजय दिवस परेड अब तक की सबसे बड़ी परेड थी, जिसमें चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग, ब्राजील के राष्ट्रपति लूला दा सिल्वा और स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको समेत कई विश्व नेता शामिल हुए थे। उस परेड में 11500 से अधिक सैनिक और 180 से ज्यादा सैन्य वाहन शामिल थे।

बता दें कि राष्ट्रपति पुतिन ने 7 मई 2025 से 72 घंटे का एकतरफा युद्धविराम घोषित किया था। यूक्रेनी ड्रोन हमलों से निपटने के लिए मॉस्को में सेलफोन इंटरनेट भी कई दिनों तक बंद रखा गया था।

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