No Ceasefire in Lebanon: Benjamin Netanyahu Shoots Down Pakistan Claims ‘लेबनान में कोई सीजफायर नहीं’, पाकिस्तान के दावों की बेंजामिन नेतन्याहू ने निकाल दी हवा, International Hindi News - Hindustan
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‘लेबनान में कोई सीजफायर नहीं’, पाकिस्तान के दावों की बेंजामिन नेतन्याहू ने निकाल दी हवा

इजरायल का तर्क है कि लेबनान में ईरान समर्थित समूह हिजबुल्लाह द्वारा किए जा रहे हमले एक अलग मोर्चा हैं। इजरायल का मानना है कि जब तक उसकी उत्तरी सीमा सुरक्षित नहीं हो जाती और हिजबुल्लाह के हमले बंद नहीं होते वह लेबनान में अपना सैन्य अभियान जारी रखेगा।

Wed, 8 April 2026 09:12 AMHimanshu Jha लाइव हिन्दुस्तान
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‘लेबनान में कोई सीजफायर नहीं’, पाकिस्तान के दावों की बेंजामिन नेतन्याहू ने निकाल दी हवा

अमेरिका और ईरान के बीच दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा के कुछ ही घंटों बाद इजरायल ने अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने बुधवार को एक आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि यह समझौता लेबनान पर लागू नहीं होता है। यह बयान ऐसे समय आया है जब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने मध्यस्थ के तौर पर दावा किया था कि यह सीजफायर लेबनान सहित सभी क्षेत्रों में प्रभावी होगा।

इजरायली प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी संक्षिप्त लेकिन सख्त बयान में कहा गया, "अमेरिका और ईरान के बीच हुआ दो सप्ताह का संघर्ष विराम लेबनान को शामिल नहीं करता है।" इजरायल का तर्क है कि लेबनान में ईरान समर्थित समूह हिजबुल्लाह द्वारा किए जा रहे हमले एक अलग मोर्चा हैं। इजरायल का मानना है कि जब तक उसकी उत्तरी सीमा सुरक्षित नहीं हो जाती और हिजबुल्लाह के हमले बंद नहीं होते वह लेबनान में अपना सैन्य अभियान जारी रखेगा।

शहबाज शरीफ का दावा

इजरायल के इस बयान ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को कूटनीतिक रूप से असहज स्थिति में डाल दिया है। इससे पहले शहबाज शरीफ ने इस समझौते की मध्यस्थता का श्रेय लेते हुए गर्व से घोषणा की थी कि, "यह युद्धविराम लेबनान सहित हर उस जगह लागू होता है जहां संघर्ष जारी है।" इजरायल के हालिया रुख ने यह साफ कर दिया है कि या तो पाकिस्तान को समझौते की बारीकियों की पूरी जानकारी नहीं थी या फिर उसने अपनी प्रासंगिकता बढ़ाने के लिए अतिशयोक्ति का सहारा लिया।

क्यों अलग है लेबनान का मोर्चा?

इजरायल लेबनान को ईरान के साथ सीधे युद्ध का हिस्सा नहीं, बल्कि अपनी संप्रभुता पर हिजबुल्लाह के हमले के रूप में देखता है। 40 दिनों के इस भीषण युद्ध के दौरान हिजबुल्लाह ने ईरान के समर्थन में इजरायल पर हजारों रॉकेट दागे हैं। इजरायल का कहना है कि वह ईरान के साथ सीधे टकराव को तो 14 दिनों के लिए रोक सकता है, लेकिन लेबनान सीमा पर हिजबुल्लाह को अपनी तैयारी मजबूत करने का मौका नहीं देगा।

इजरायल द्वारा पाकिस्तान के दावे को सिरे से खारिज किए जाने के बाद भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर द्वारा संसद में दिए गए उस बयान को मजबूती मिली है जिसमें उन्होंने कहा था कि पाकिस्तान फीस लेकर संकट सुलझाने का दावा करने वाला दलाल है।

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