Mysterious Black Hole found scientists predict may Collide with our galaxy Milky Way रहस्यमयी ब्लैक होल की खोज, वैज्ञानिकों की चेतावनी- हमारी आकाशगंगा से होगी टक्कर; जानें कब, International Hindi News - Hindustan
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रहस्यमयी ब्लैक होल की खोज, वैज्ञानिकों की चेतावनी- हमारी आकाशगंगा से होगी टक्कर; जानें कब

  • वैज्ञानिकों ने एक रहस्यमयी ब्लैक होल की खोज की है। यह भी बताया कि जिस आकाशगंगा में यह ब्लैक होल है, वह धीरे-धीरे हमारी गैलेक्सी मिस्की वे की तरफ बढ़ रही है। भविष्य में दोनों की टक्कर की संभावना है।

Sun, 16 Feb 2025 11:04 PMGaurav Kala लाइव हिन्दुस्तान
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रहस्यमयी ब्लैक होल की खोज, वैज्ञानिकों की चेतावनी- हमारी आकाशगंगा से होगी टक्कर; जानें कब

अंतरिक्ष की रहस्यमयी खोजें हमेशा से हमें चौंकाती रही हैं। इस बार वैज्ञानिकों ने एक ऐसे छुपे हुए ब्लैक होल का पता लगाया है जो जो भविष्य में हमारी आकाशगंगा मिल्की वे से टकरा सकता है। यह ब्लैक होल लार्ज मैगेलैनिक क्लाउड नामक एक बौनी आकाशगंगा में स्थित है, जो धीरे-धीरे मिल्की वे की ओर बढ़ रहा है। इस भयानक टकराव से क्या स्थिति पैदा होगी और यह टक्कर कब होने वाली है? वैज्ञानिकों ने इसका अनुमान भी लगाया है। यह ब्लैक होल लगभग 600000 सूर्यों के द्रव्यमान के बराबर है।

इस खोज का हार्वर्ड और स्मिथसोनियन सेंटर फॉर एस्ट्रोफिजिक्स (CfA) के खगोल वैज्ञानिक जीवोन जेसी हान ने पता लगाया है।

कैसे खोजा गया यह ब्लैक होल?

ब्लैक होल को पहचानना बेहद मुश्किल होता है, क्योंकि ये तब तक कोई रेडिएशन उत्सर्जित नहीं करते जब तक वे किसी चीज को अपने अंदर समाहित नहीं कर देते। आमतौर पर वैज्ञानिक किसी ब्लैक होल की उपस्थिति को उसके आसपास के तारों की असामान्य गतियों को देखकर पहचानते हैं। इसी विधि से मिल्की वे के केंद्र में स्थित सुपरमैसिव ब्लैक होल, सैजिटेरियस A* की पुष्टि हुई थी, जिसका द्रव्यमान 4.3 मिलियन सूर्यों के बराबर है।

लेकिन इस बार वैज्ञानिकों ने एक अलग रणनीति अपनाई। उन्होंने "हाइपरवेलोसिटी स्टार्स" यानी बहुत ही तेज गति से चलने वाले तारों का अध्ययन किया। ये तारे हिल्स मैकेनिज्म के कारण अपनी गति हासिल करते हैं, जिसमें एक ब्लैक होल दो तारों की जोड़ी को प्रभावित करता है और उनमें से एक को अत्यधिक गति से अंतरिक्ष में बाहर फेंक देता है।

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इन हाइपरवेलोसिटी तारों को खोजने के लिए वैज्ञानिकों ने गाइया स्पेस टेलीस्कोप से प्राप्त आंकड़ों का विश्लेषण किया। यह टेलीस्कोप वर्षों से मिल्की वे के तारों की स्थिति, गति और दिशा को त्रि-आयामी (3D) रूप में मैप कर रही है। इस डेटा का अध्ययन करके वैज्ञानिकों ने 21 हाइपरवेलोसिटी तारों की पहचान की, जिनमें से 16 तारों के स्रोतों का पता लगाया जा सका।

इनमें से 7 तारे मिल्की वे के केंद्र से निकले प्रतीत हुए, जहां सैजिटेरियस A* स्थित है। लेकिन 9 तारे लार्ज मैगेलैनिक क्लाउड से बाहर निकले हुए दिखे। वैज्ञानिकों का मानना है कि इन तारों को एक विशाल ब्लैक होल ने तेज गति दी है, जिसका अनुमानित द्रव्यमान 600000 सूर्यों के बराबर हो सकता है। यही ब्लैक होल संभवतः लार्ज मैगेलैनिक क्लाउड में छुपा हुआ है।

कब होगी टक्कर

लार्ज मैगेलैनिक क्लाउड धीरे-धीरे मिल्की वे की ओर बढ़ रहा है और वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह लगभग 2 अरब वर्षों में मिल्की वे से टकरा सकता है। जब यह टक्कर होगी, तो इस बौनी आकाशगंगा का ब्लैक होल सैजिटेरियस A* से मिलकर एक और भी बड़ा ब्लैक होल बना सकता है, जो हमारी आकाशगंगा के केंद्र में होगा।

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