Gurpatwant Singh Pannun murder plot Accused Nikhil Gupta pleads guilty US court पन्नू की हत्या की साजिश में आरोपी निखिल गुप्ता ने स्वीकार किए आरोप, International Hindi News - Hindustan
More

पन्नू की हत्या की साजिश में आरोपी निखिल गुप्ता ने स्वीकार किए आरोप

यह साजिश 2023 में सामने आई थी, जब अमेरिकी अधिकारियों ने गुरपतवंत सिंह पन्नू की न्यूयॉर्क सिटी में हत्या की कोशिश को नाकाम कर दिया। पन्नू अमेरिका-कनाडा का दोहरी नागरिक है। 

Fri, 13 Feb 2026 11:00 PMNiteesh Kumar लाइव हिन्दुस्तान
share
पन्नू की हत्या की साजिश में आरोपी निखिल गुप्ता ने स्वीकार किए आरोप

खालिस्तानी अलगाववादी नेता गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साजिश में आरोपी भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता ने आरोप स्वीकार कर लिए हैं। इसे लेकर उन्होंने अमेरिकी अदालत में एक याचिका दायर की है। यह घटना 13 फरवरी को मैनहट्टन की संघीय अदालत में हुई, जहां गुप्ता ने हत्या के लिए साजिश और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों में खुद को दोषी माना। अमेरिकी अभियोजकों के अनुसार, यह साजिश भारतीय सरकार के एक अधिकारी के निर्देश पर रची गई थी।हालांकि, भारत सरकार ने इससे खुद को अलग करते हुए कहा है कि यह सरकारी नीति के खिलाफ है। गुप्ता ने पहले जून 2024 में इन आरोपों से इनकार किया था, लेकिन अब उन्होंने दोष स्वीकार कर लिया है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:प्राइवेट जेट, पावरफुल लोग और नाबालिग लड़कियां; एपस्टीन ने कैसे खड़ा किया किला

यह साजिश 2023 में सामने आई थी, जब अमेरिकी अधिकारियों ने पन्नू की न्यूयॉर्क सिटी में हत्या की कोशिश को नाकाम कर दिया। पन्नू अमेरिका-कनाडा का दोहरी नागरिक है। वह खालिस्तान आंदोलन के समर्थक और सिखों के लिए अलग संप्रभु राज्य की मांग करने वाले संगठन सिख फॉर जस्टिस का प्रमुख है। अमेरिकी अभियोजन पक्ष के मुताबिक, गुप्ता ने एक भारतीय सरकारी अधिकारी के साथ मिलकर इस हत्या की योजना बनाई थी और उन्होंने अमेरिका में एक व्यक्ति को 15,000 डॉलर नकद भी दिए थे। साजिश विफल होने के बाद जून 2023 में गुप्ता को चेक गणराज्य से गिरफ्तार किया गया और बाद में 2024 में अमेरिका भेज दिया गया।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:हसीना को हटाया, लेकिन जनता से हार बैठे; बांग्लादेश में छात्र नेताओं का क्या हाल?

याचिका में क्या कहा गया

न्यूयॉर्क के दक्षिणी जिले की अमेरिकी अटॉर्नी कार्यालय ने पुष्टि की कि गुप्ता ने मजिस्ट्रेट जज सारा नेटबर्न के समक्ष यह याचिका दायर की। इन आरोपों में अधिकतम 40 वर्ष तक की सजा हो सकती है। गुप्ता के वकीलों ने तुरंत कोई टिप्पणी नहीं की। यह मामला कनाडा में एक अन्य सिख अलगाववादी की हत्या से भी जुड़ा माना जा रहा है, जिससे भारत-अमेरिका और भारत-कनाडा संबंधों पर असर पड़ा था। अमेरिका ने भारत सरकार से जांच की मांग की थी, लेकिन भारत ने किसी भी सरकारी संलिप्तता से इनकार किया है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:'जुलाई चार्टर' को अपनाएगा बांग्लादेश, किसके पास होगी पावर और आगे क्या है रास्ता

इस घटना का क्या होगा असर

यह घटनाक्रम अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में महत्वपूर्ण है क्योंकि यह एक विदेशी सरकार की ओर से अमेरिकी धरती पर हत्या की साजिश का आरोप है। निखिल गुप्ता की सजा सुनवाई की अगली तारीख 15 मई निर्धारित की गई है। इस मामले ने खालिस्तानी मुद्दे पर भारत की स्थिति को फिर से चर्चा में ला दिया है, जहां भारत इसे आतंकवाद से जुड़ा मानता है जबकि पन्नू जैसे नेता इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता बताते हैं। यह दोष स्वीकारोक्ति साजिश के पीछे की साजिशकर्ताओं पर आगे की जांच को प्रभावित कर सकती है।

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।