Unnatural sex by a husband without the consent of his wife is not a crime, Chhattisgarh High Court पत्नी की सहमति के बिना पति द्वारा अननेचुरल सेक्स करना अपराध नहीं, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट, Chhattisgarh Hindi News - Hindustan
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पत्नी की सहमति के बिना पति द्वारा अननेचुरल सेक्स करना अपराध नहीं, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट

  • इस फैसले के बाद अदालत ने अपील करने वाले को भारतीय दंड संहिता की धारा 376 और 377 के तहत सभी आरोपों से बरी कर दिया और जेल हिरासत से तत्काल रिहा करने का आदेश भी दिया

Tue, 11 Feb 2025 08:06 PMRatan Gupta हिन्दुस्तान टाइम्स, रायपुर
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पत्नी की सहमति के बिना पति द्वारा अननेचुरल सेक्स करना अपराध नहीं, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सोमवार को बलात्कार या अप्राकृतिक यौन संबंध (अननेचुरल सेक्स) पर फैसला सुनाया। कोर्ट ने कहा कि सहमति से या बिना सहमति के बालिग पत्नी के साथ यौन संबंध बनाने पर पति पर बलात्कार या अप्राकृतिक यौन संबंध का आरोप नहीं लगाया जा सकता। इस फैसले के बाद अदालत ने अपील करने वाले को भारतीय दंड संहिता की धारा 376 और 377 के तहत सभी आरोपों से बरी कर दिया और जेल हिरासत से तत्काल रिहा करने का आदेश भी दिया।

पीठ ने क्या फैसला सुनाया

न्यायाधीश नरेंद्र कुमार व्यास की एकल पीठ ने कहा कि यौन संबंध या अप्राकृतिक संभोग में पत्नी की सहमति को महत्वहीन माना जाता है। पीठ ने कहा कि इस प्रकार यह स्पष्ट है कि यदि पत्नी की आयु 15 वर्ष से कम नहीं है, तो पति द्वारा अपनी पत्नी के साथ किया गया कोई भी यौन संबंध इन परिस्थितियों में बलात्कार नहीं कहा जा सकता। कोर्ट ने कहा क्योंकि अननेचुरल सेक्स के लिए पत्नी की सहमति का ना होना अपना महत्व खो देता है, इसलिए इस कोर्ट की यह राय है कि अपील करने वाले के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 376 और 377 के तहत अपराध नहीं बनता है।

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इस वजह से नहीं माना गया अपराध

कोर्ट में कहा गया कि आईपीसी की धारा 375 की परिभाषा के अनुसार अपराधी को पुरुष के रूप में वर्गीकृत किया गया है। मगर इस केस में अपील करने वाला एक पति है और पीड़िता एक महिला ना होकर एक पत्नी है। और शरीर के जिन हिस्सों का उपयोग शारीरिक संभोग के लिए किया जाता है, वे भी सामान्य हैं। इसलिए, पति और पत्नी के बीच अपराध को आईपीसी की धारा 375 के तहत नहीं माना जा सकता है।

10 साल की सजा हुई माफ, ये थी वजह

कोर्ट ने कहा कि अगर पत्नी की उम्र 15 साल से कम नहीं है तो पुरुष द्वारा उसके साथ किया गया यौन संबंध या यौन क्रिया बलात्कार नहीं माना जाएगा। इसलिए कोर्ट ने कहा कि किसी भी अप्राकृतिक यौन संबंध को अपराध नहीं माना जा सकता। पति को ट्रायल कोर्ट ने 10 साल की सजा सुनाई थी, लेकिन उसे सभी आरोपों से बरी कर दिया गया।

अननेचुरल सेक्स से पीड़िता की हुई थी मौत

आरोप है कि साल 2017 की एक रात एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी के साथ उसकी मरजी के बगैर अननेचुरल सेक्स संबंध बनाए। इसके बाद महिला को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती होना पड़ा और बाद में महिला की मौत हो गई। अपने मरने से पहले दिए गए बयान में उसने कहा कि उस व्यक्ति ने उसके साथ जबरदस्ती यौन संबंध बनाए। बाद में डॉक्टरों ने पाया कि महिला की मौत पेरिटोनिटिस और मलाशय में छेद की वजह से हुई।

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