Economic Survey gives a whole new twist to working hours debate what says detail here हफ्ते में 70 या 90 घंटे…वर्क कल्चर पर बहस के बीच आर्थिक सर्वे में बड़ी सिफारिश, Budget Hindi News - Hindustan
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हफ्ते में 70 या 90 घंटे…वर्क कल्चर पर बहस के बीच आर्थिक सर्वे में बड़ी सिफारिश

  • बीते दिनों आईटी कंपनी इंफोसिस के को-फाउंडर एन नारायण मूर्ति ने युवाओं से सप्ताह में 70 घंटे काम करने को कहा था। इसके अलावा एलएंडटी के चेयरमैन एसएन सुब्रमण्यन ने हफ्ते में 90 घंटे काम करने की बात कही थी।

Fri, 31 Jan 2025 07:55 PMDeepak Kumar लाइव हिन्दुस्तान
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हफ्ते में 70 या 90 घंटे…वर्क कल्चर पर बहस के बीच आर्थिक सर्वे में बड़ी सिफारिश

Economic Survey 2025: आम बजट से एक दिन पहले 31 जनवरी को पेश किए गए आर्थिक सर्वे में वर्किंग आवर का भी जिक्र है। सर्वे में कहा गया कि अपने डेस्क पर लंबे समय तक समय बिताना मानसिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है और जो व्यक्ति डेस्क पर प्रतिदिन 12 घंटे या उससे अधिक समय बिताता है, उसे मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझना पड़ता है।

आर्थिक सर्वे में की गई यह टिप्पणी इसलिए भी अहम है क्योंकि हफ्ते में काम करने के घंटे को लेकर बहस छिड़ी हुई है। बीते दिनों आईटी कंपनी इंफोसिस के को-फाउंडर एन नारायण मूर्ति ने युवाओं से सप्ताह में 70 घंटे काम करने को कहा था। इसके अलावा एलएंडटी के चेयरमैन एसएन सुब्रमण्यन ने हफ्ते में 90 घंटे काम करने की बात कही थी।

क्या है आर्थिक सर्वे

सर्वे में पेगा एफ, नफ्राडी बी (2021) और डब्ल्यूएचओ/आईएलओ के कार्य-संबंधी रोग के संयुक्त अनुमानों का हवाला देते हुए कहा गया- काम पर बिताए गए घंटों को आमतौर पर उत्पादकता का एक उपाय माना जाता है, लेकिन पिछले अध्ययन ने साफ है कि सप्ताह में 55-60 घंटे से अधिक काम करने का सेहत पर प्रतिकूल असर हो सकता है। वहीं, सैपियन लैब्स सेंटर फॉर ह्यूमन ब्रेन एंड माइंड के एक अध्ययन का हवाला देते हुए आर्थिक सर्वे में कहा गया है कि अपने डेस्क पर लंबे समय तक बैठना मानसिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। जो व्यक्ति डेस्क पर 12 या उससे अधिक घंटे बिताते हैं, उन्हें मानसिक स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

एआई के इस्तेमाल पर क्या कहा गया?

आर्थिक सर्वेक्षण में यह भी बताया गया है कि भारत के श्रम बाजार में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई को अपनाने से उत्पादकता बढ़ाने, वर्कफोर्स की गुणवत्ता को बढ़ाने और रोजगार के अवसर सृजन होने में मदद मिलती है। बशर्ते कि मजबूत संस्थागत नेटवर्क के माध्यम से प्रणालीगत चुनौतियों का प्रभावी ढंग से समाधान किया जाए। सर्वेक्षण में यह बात भी कही गई कि एआई आधारित आउटलुक में सफल रहने के लिए शिक्षा और कौशल विकास को प्राथमिकता देना महत्‍वपूर्ण होगा। इसमें कहा गया है इस समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग करने में कई व्यवधान है।

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