Muzaffarpur Police Clash Farmer Dies SP Reports Officer s Negligence गायघाट कांड : ग्रामीण एसपी की जांच में थानेदार की प्रारंभिक लापरवाही आई सामने, Muzaffarpur Hindi News - Hindustan
More

गायघाट कांड : ग्रामीण एसपी की जांच में थानेदार की प्रारंभिक लापरवाही आई सामने

मुजफ्फरपुर के गायघाट थाना अंतर्गत चोरनियां गांव में पुलिस और ग्रामीणों के बीच हुई भिड़ंत में किसान जगतवीर राय की मौत हो गई। प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में थानेदार की लापरवाही का जिक्र है। पुलिस की हवाई फायरिंग का भी उल्लेख है। ग्रामीणों ने पुलिस पर बेबुनियाद आरोप लगाने का आरोप लगाया है।

Fri, 20 March 2026 06:21 PMNewswrap हिन्दुस्तान, मुजफ्फरपुर
share
गायघाट कांड : ग्रामीण एसपी की जांच में थानेदार की प्रारंभिक लापरवाही आई सामने

मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। गायघाट थाना के चोरनियां गांव में मंगलवार रात हुई पुलिस और ग्रामीणों की भिड़ंत के दौरान किसान जगतवीर राय की मौत के मामले में ग्रामीण एसपी राजेश कुमार सिंह प्रभाकर ने प्रारंभिक जांच रिपोर्ट गुरुवार को एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा को सौंप दी। इसमें प्रारंभिक तौर पर थानेदार राजा सिंह की लापरवाही सामने आई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इससे विधि-व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हुई। पुलिस की ओर से बचाव में दो राउंड हवाई फायरिंग की बात रिपोर्ट में कही गई है। ग्रामीण एसपी ने मृतक के पुत्र अविनाश के बयान पर थानेदार व अन्य पुलिसकर्मियों पर हत्या की धारा में दर्ज एफआईआर का भी रिपोर्ट में जिक्र किया है।

इसमें थानेदार की ओर से दर्ज एफआईआर में ग्रामीणों पर लगाए आरोपों को भी शामिल किया गया है। उधर, गांव में दूसरे दिन भी पुलिस पदाधिकारियों ने घटनास्थल की जांच की।ग्रामीण एसपी ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं किया है कि जगतवीर राय की हत्या किसकी गोली से हुई। एसएसपी ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर गायघाट थानेदार राजा सिंह को तत्काल थाने से हटाया गया है। छापेमारी के लिए गई पुलिस टीम के सभी आठ सदस्यों को भी थाने से हटाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि निष्पक्ष जांच के लिए आरोपित पुलिसकर्मियों को थाने में नहीं रखा जाएगा। मामले में निष्पक्ष जांच के लिए टीम बनाई गई है। जगतवीर राय की मौत को लेकर सभी बिंदुओं पर जांच की जाएगी। थानेदार की सर्विस पिस्टल जब्त कर ली गई है। इसकी फॉरेंसिक और बैलिस्टिक जांच कराई जाएगी। मौके से मिले खोखे की भी जांच होगी। एसएसपी ने बताया कि मृतक के पुत्र के आवेदन पर दर्ज एफआईआर में गिरिजा राम को आईओ बनाया गया है। एसएसपी ने बताया कि पुलिस के अलावा मामले में मजिस्ट्रेट जांच भी होगी। जगतवीर को नजदीक से गोली मारी गई या उन्हें दूर से गोली लगी, यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद स्पष्ट होगा।उधर, ग्रामीणों ने पुलिस द्वारा लगाए गए हमले के आरोप को बेबुनियाद बताया है। मृतक के पुत्र अविनाश कुमार ने आरोप लगाया है कि छापेमारी का कारण पूछने और आरोपित भिखारी राय के बजाय अजय राय के घर में छापेमारी करने को लेकर वरीय अधिकारी को शिकायत करने की बात से ही थानेदार भड़क कर फायरिंग करने लगे। पिता जगतवीर ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो थानेदार ने सीने में गोली मार दी। इसके बाद पुलिसकर्मी गाड़ी से भागने लगे। अविनाश ने कहा कि पुलिस ने बेबुनियाद कहानी गढ़ी और झूठा केस बनाया है।छापेमारी में शामिल सभी पुलिसकर्मियों से होगी अलग-अलग पूछताछ :एसएसपी ने बताया कि थानेदार राजा सिंह के बयान पर पुलिस की ओर से एफआईआर दर्ज की गई है। छापेमारी टीम में शामिल सभी पुलिसकर्मियों का अलग-अलग बयान दर्ज किया जाएगा। इससे यह पता किया जाएगा कि असल में मौके पर क्या स्थिति उत्पन्न हुई थी। पुलिसकर्मियों के बयान में विरोधाभास आता है तो इससे भी मामला स्पष्ट होगा। पुलिस की ओर से केवल हवाई फायरिंग हुई या अन्य दूसरी बातें हैं, तो वह भी सामने लाई जाएंगी। एसएसपी के अनुसार, थानेदार की ओर से दर्ज एफआईआर में कहा गया है कि पॉक्सो एक्ट के आरोपित भिखारी राय के घर पर पहले छापेमारी की गई। काफी देर तक उसके दरवाजे को खटखटाने पर भी दरवाजा नहीं खुला। उसके घर के सदस्य छत से कूदकर पड़ोसी अजय राय के घर की छत पर चले गए और वहां छिप गए। वे लोग बच्चा चोर का शोर भी मचाने लगे। इस पर पुलिस टीम ने अजय राय का दरवाजा खटखटाया। उसके घर का दरवाजा खुलते ही चार पांच पुरुष और सात-आठ महिलाएं बच्चा चोर व डकैत का शोर मचाने लगे। पुलिस टीम जब अजय के घर के सदस्यों में आरोपितों की पहचान का प्रयास कर रही थी, तभी आसपास के 40 से 50 लोग जुट गए और पुलिस को घेरने लगे। इसमें 15-20 लोगों ने हमला बोल दिया। ग्रामीणों की भीड़ में से किसी ने गोली चलाई और होमगार्ड जवान अमरजीत को बंधक बना लिया। जवाब में दो राउंड हवाई फायरिंग की गई। एसएसपी ने बताया कि ग्रामीणों की ओर से किसने गोली चलाई यह स्पष्ट नहीं है।थानेदार के आरोप को भोला राय ने बताया बेबुनियाद :इधर, ग्रामीण भोला राय ने कहा कि भिखारी के घर में कोई नहीं था। वे लोग लंबे समय से सपरिवार दिल्ली में है। जब यहां कोई था ही नहीं तो छत से कूदकर मेरे घर में उसके परिवार के लोगों के आने की बात कहां से आई? थानेदार ने अपनी गलती छिपाने के लिए बेबुनियाद आरोप लगाया है। पुलिस टीम सीधे उसके घर में पीछे से आकर घुसी और उसके पुत्र अजय को पकड़कर ले जाने लगी। उसकी गिरफ्तारी का कारण पूछने पर नशे में धुत थानेदार ने पिस्टल निकालकर फायरिंग शुरू कर दी।

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।