पापमोचनी एकादशी पर जरूर करें ये 5 काम, भगवान श्रीहरि का मिलेगा आशीर्वाद
पापमोचनी एकादशी चैत्र मास की कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को मनाई जाती है। यह एकादशी भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त करने और जीवन के पापों, क्लेशों व बाधाओं से छुटकारा पाने का शक्तिशाली साधन है।

पापमोचनी एकादशी चैत्र मास की कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को मनाई जाती है। इस व्रत का नाम ही 'पापमोचनी' है, अर्थात पापों से मुक्ति दिलाने वाली। पापमोचनी एकादशी व्रत इस साल 15 मार्च 2026, दिन - रविवार को रखा जाएगा। यह एकादशी भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त करने और जीवन के पापों, क्लेशों व बाधाओं से छुटकारा पाने का शक्तिशाली साधन है। ज्योतिष शास्त्र और पुराणों में बताया गया है कि इस दिन किए गए उपाय शीघ्र फल देते हैं। आइए जानते हैं कि पापमोचनी एकादशी पर कौन-से 5 विशेष काम करने से भगवान श्रीहरि का आशीर्वाद प्राप्त होता है और जीवन में सुख-समृद्धि बढ़ती है।
पंचामृत से विष्णु जी का अभिषेक करें
पापमोचनी एकादशी के दिन सुबह ब्रह्म मुहूर्त में स्नान कर भगवान विष्णु की मूर्ति या चित्र पर पंचामृत से अभिषेक करें। पंचामृत में दूध, दही, घी, शहद और शक्कर मिलाकर बनाएं। अभिषेक के दौरान 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का जाप करें। ऐसा करने से कार्यक्षेत्र में आने वाली मुश्किलें दूर होती हैं, नई स्किल्स दिखाने के अवसर मिलते हैं और करियर में प्रगति होती है। यह अभिषेक मन की अशांति को भी शांत करता है।
मां तुलसी की पूजा से वैवाहिक सुख प्राप्त करें
अगर वैवाहिक जीवन में क्लेश, मनमुटाव या तनाव है तो पापमोचनी एकादशी पर मां तुलसी की विशेष पूजा करें। तुलसी को स्नान कराकर श्रृंगार की सामग्री (कुमकुम, चंदन, फूल, हल्दी, अक्षत) अर्पित करें। लक्ष्मी माता और तुलसी माता को एक साथ पूजें। 'ॐ तुलस्यै नमः' मंत्र का जाप करें। इस पूजा से रिश्तों में प्रेम बढ़ता है, कलह दूर होती है और वैवाहिक सुख प्राप्त होता है। तुलसी की सेवा से घर में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है।
गरीबों को भोजन दान करें
पापमोचनी एकादशी पर दान का विशेष महत्व है। इस दिन किसी गरीब या जरूरतमंद को भोजन कराएं। सात्विक भोजन जैसे खिचड़ी, दाल-चावल, फल या मिठाई दें। दान के समय 'ॐ विष्णवे नमः' मंत्र बोलें। ऐसा करने से पिछले जन्म के पापों से मुक्ति मिलती है, जीवन की मुश्किलें दूर होती हैं और पुण्य प्राप्ति होती है। दान से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और धन-समृद्धि बढ़ती है।
पान के पत्ते पर मंत्र लिखकर अर्पित करें
अगर आर्थिक दिक्कतें परेशान कर रही हैं तो ब्रह्म मुहूर्त में भगवान विष्णु की विधिवत पूजा करें। एक पान के पत्ते पर लाल चंदन से 'ॐ विष्णवे नमः' लिखें और भगवान के चरणों में अर्पित करें। अगले दिन इस पत्ते को पीले कपड़े में लपेटकर तिजोरी या धन स्थान में रख दें। यह उपाय धन के आगमन को तेज करता है, खर्चे नियंत्रित होते हैं और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है। नियमित रूप से इस उपाय को दोहराने से स्थायी लाभ मिलता है।
पीपल के नीचे घी का दीपक जलाएं
पापमोचनी एकादशी पर पीपल के पेड़ के नीचे घी का दीपक जलाएं और 7 परिक्रमा करें। पीपल में भगवान विष्णु का वास माना जाता है। दीपक जलाते समय 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र बोलें। परिक्रमा के दौरान मन में अपनी इच्छा रखें। ऐसा करने से मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु दोनों की कृपा मिलती है, घर की दरिद्रता दूर होती है और धन-धान्य की वृद्धि होती है। पीपल की पूजा से वास्तु दोष भी नष्ट होते हैं।
ये 5 सरल उपाय पापमोचनी एकादशी पर श्रद्धा से करने से भगवान श्रीहरि प्रसन्न होते हैं। पाप नाश, शत्रु नाश, धन प्राप्ति और सुख-शांति की प्राप्ति होती है। इस एकादशी पर व्रत रखकर इन उपायों को अपनाएं, तो जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहेगी।




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